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  • Punjab : मिलिट्री गाड़ी और Truck में भीषण टक्कर, देखें वीडियो

    Punjab : मिलिट्री गाड़ी और Truck में भीषण टक्कर, देखें वीडियो

    लुधियाना – शिव पुरी चौक पर आज मिलिट्री जीप और टक्कर की टक्कर होने की मामला सामने आया है। हादसे इतना भीषण था कि जीप डिवाइडर से टकराकर पलट गई। गनीमत रही की जीप में सवार 5 जवान सुरक्षित बाहर निकल आए। मिलिट्री जीप का बंपर और इंजन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना स्थल पर मौजूद लोगों ने ट्रक ड्राइवर को पकड़ कर  पुलिस को सूचित किया।

    मौके पर मौजूद साहिल कुमार ने कहा कि मिल्ट्री की गाड़ी फिल्लौर तरफ से सही आ रही थी। इसी दौरान कश्मीर नंबर का एक ट्रक उसके पीछा आ रहा था। अचानक से ट्रक चालक ने तेज रफ्तार से मिल्ट्री जीप को साइड मार दी। साइड लगने के कारण जीप डिवाइडर से टकरा कर पलट गई। गनीमत रही कि फौजी जवान सुरक्षित है। ट्रक ड्राइवर ने बताया कि मिलिट्री की गाड़ी गलत साइड से आ रही थी, इस कारण हादसा हुआ है।

    थाना बस्ती जोधेवाल के ASI कर्मजीत सिंह ने कहा कि हादसा हुआ है। ट्रक श्रीनगर से दिल्ली की तरफ जा रहा था। लेकिन किसी तरह का जानी नुकसान नहीं हुआ। फिलहाल ट्रक ड्राइवर को काबू कर लिया है। दोनों पक्षों को बुलाकर मामले की जांच करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि घटना स्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरे चेक करके बनती कार्रवाई की जाएगी।

  • Second Hand Mobile खरीदने से पहले रखें इन बातों का ध्यान

    Second Hand Mobile खरीदने से पहले रखें इन बातों का ध्यान

    अगर आप नया फोन नहीं खरीद सकते, आप का बजट कम है, तो सेकंड हैंड फोन खरीदना एक अच्छा ऑप्शन है। इससे आप कम पैसों में अच्छा फोन खरीद सकते हैं। कई बार लोगों को अच्छी डील भी मिल जाती है। लेकिन, पुराना फोन खरीदते समय कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए। क्योंकि पुराना फोन खरीदते समय ज्यादा तर लोग धोखाधड़ी का शिकर हो जाते हैं। कई बार धोखेबाज आपराधिक गतिविधियों में इस्तेमाल किया हुआ फोन सस्ते दाम में बेचते देते हैं। जिससे आपको बाद में परेशानी हो सकती है। इसलिए हम आपको सेकंड हैंड फोन खरीदने के कुछ टिप्स बताते हैं ताकि आप एक अच्छा फोन खरीद सकें और किसी धोखे का शिकार न हों।
    • स्मार्टफोन खरीदने से पहले आप उसका IMEI नंबर जरूर चेक करें। यह सबसे जरूरी है। आईएमईआई नंबर को फोन के डिब्बे पर लिखे नंबर से मिलाकर देखें। इससे फोन की विश्वसनीयता का पता चलता है। IMEI नंबर चेक करने के लिए फोन के डायलर से *#06# डायल करें।
    • फोन की बॉडी, स्क्रीन, कैमरा, बटन आदि को अच्छी तरह से जांच लें। कोई खरोंच, दरार या टूटा-फूटा तो नहीं है।
    • स्क्रीन पर कोई डेड पिक्सल, लाइन या कलर इनवर्शन तो नहीं है। स्क्रीन को अलग-अलग एंगल से देखकर इसकी क्वालिटी चैक कर लें।
    • कैमरे से फोटो और वीडियो बनाकर उसकी क्वालिटी जांच लें। फ्लैश, ऑटो फोकस आदि ठीक से काम कर रहे हैं या नहीं।
    • बैटरी की लाइफ और चार्जिंग स्पीड को चेक करे लें। बैटरी को फुल चार्ज करें और फिर इस्तेमाल करके देखें कि वह कितने घंटे चल रही है।
    • आपके फोन में नेटवर्क ठीक से काम कर रहा है या नहीं। कॉलिंग, मैसेजिंग और इंटरनेट कनेक्शन की स्पीड को चैक कर लें।
    • सभी सेंसर जैसे कि आईआर ब्लास्टर आदि ठीक से काम कर रहे हैं या नहीं।
    • हेडफोन जैक में कोई दिक्कत तो नहीं है। हेडफोन को कनेक्ट करके साउंड क्वालिटी चैक कर लें।
    • यह भी चेक कर लें कि चार्जर, ईयरफोन आदि सभी एक्सेसरीज ओरिजिनल हैं या नहीं।
  • ‘मन की बात’ में बोले PM Modi : 21वीं सदी में देश विकसित भारत की ओर अग्रसर

    ‘मन की बात’ में बोले PM Modi : 21वीं सदी में देश विकसित भारत की ओर अग्रसर

    नई दिल्ली : 28 जुलाई को देश के पीएम नरेंद्र मोदी ने मनी की बात के 112 वे एपिसोड को संबोधित किया था। तब उन्होंने पेरिस ओलंपिक, मैथ्म ओलंपियाड, वनो संरक्षण और स्वतंत्रता दिवस के बारे में चर्चा की थी। आज रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मन की बात के 113वें एपिसोड का प्रसारण किया जा रहा है।

    पीएम मोदी ने मन की बात की शुरुआत करते हुए कहा कि आज देश के लोगों के सामूहिक प्रयासों पर बात करेंगे। 21वीं सदी के भारत में, कितना ही कुछ ऐसा हो रहा है, जो विकसित भारत की नींव मजबूत कर रहा है ।” 23 अगस्त को ही हम सब देशवासियों ने पहला National Space Day मनाया। पिछले वर्ष इसी दिन चंद्रयान-3 ने चांद के दक्षिणी हिस्से में शिव-शक्ति Point पर सफलतापूर्वक landing की थी। भारत इस गौरवपूर्ण उपलब्धि को हासिल करने वाला दुनिया का पहला देश बना।’

    पीएम मोदी ने कहा कि देश युवाओं को स्पेस सेक्टर में सुधारों से काफी फायदा हुआ है। इसलिए उन्होंने अपने साथ Spacetech Start-Up GalaxEye की टीमसे स्पेस सेक्टर को लेकर बात की। पीएम मोदी ने कहा, ‘इस साल मैंने लाल किले से बिना Political background वाले एक लाख युवाओं को Political system से जोड़ने का आह्वाहन किया है। मेरी इस बात पर जबरदस्त प्रतिक्रिया हुई है। इससे पता चलता है कि कितनी बड़ी संख्या में हमारे युवा, राजनीति में आने के लिए तैयार बैठे हैं।’

    बता दें कि ‘मन की बात’ कार्यक्रम का प्रसारण 22 भाषाओं और 29 बोलियों के साथ-साथ 11 विदेशी भाषाओं में किया जाता है। इनमें तिब्बती, फ्रेंच, चीनी, इंडोनेशियाई, बर्मी, बलूची, अरबी, फारसी, पश्तो, दारी, और स्वाहिली शामिल हैं।

    पीएम मोदी ने हर घर तिरंगा अभियान का जिक्र करते हुए कहा कि ‘हर घर तिरंगा और पूरा देश तिरंगा’ इस बार ये अभियान अपनी पूरी ऊंचाई पर रहा। देश के लोगो ने इस अभियान में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया। असम में तिनसुकिया जिले के छोटे से गांव बारेकुरी में, मोरान समुदाय के लोग रहते हैं और इसी गांव में रहते हैं ‘हूलॉक गिबन’, जिन्हें यहां ‘होलो बंदर’ कहा जाता है।

    पीएम मोदी ने कहा कि पशुओं के प्रति प्रेम में अरुणाचल प्रदेश के युवा-साथियों ने 3-D printing technology का उपयोग करना शुरू किया है। नाबम बापू और लिखा नाना के नेतृत्व में ये टीम जानवरों के अलग-अलग हिस्सों की 3-D printing करती है। मध्य-प्रदेश के झाबुआ में सफाई-कर्मीयो ने ‘Waste to Wealth’ का संदेश एक पार्क में कचरे से अद्भुत Art Works तैयार कर दिया है।

    पीएम ने आगे कहा कि हमने 19 अगस्त को रक्षाबंधन का पर्व मनाया। उसी दिन पूरी दुनिया में ‘विश्व संस्कृत दिवस’ भी मनाया गया। आज भी देश-विदेश में संस्कृत के प्रति लोगों का विशेष लगाव दिखता है। दुनिया के कई देशों में संस्कृत भाषा को लेकर तरह-तरह की research और प्रयोग हो रहे हैं।’

    प्रसारण के अंत में पीएम ने कहा कि बच्चों का nutrition देश की प्राथमिकता है। इसलिए हर साल 1 सितम्बर से 30 सितम्बर के बीच पोषण माह मनाया जाता है। पोषण को लेकर लोगों को जागरूक बनाने के लिए पोषण मेला, एनीमिया (anemia) शिविर, नवजात शिशुओं के घर की visit, seminar, webinar जैसे कई तरीके अपनाए जाते हैं। आंगनवाड़ी के तहत mother and child committee की स्थापना भी की गई है। ‘पोषण भी पढ़ाई भी’ इस अभियान के द्वारा बच्चों के संतुलित विकास पर फोकस किया गया है।

  • इस Actress ने मशहूर Actor पर यौन उत्पीड़न के लगाए आरोप

    इस Actress ने मशहूर Actor पर यौन उत्पीड़न के लगाए आरोप

    नई दिल्ली: साउथ सिनेमा से एक बड़ी खबर सामने आई है। जहा न्यायमूर्ति हेमा समिति की रिपोर्ट सामने आने के बाद साउथ सिनेमा से लगातार चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं । हाल ही में एक अभिनेत्री ने मलयालम फिल्म इंडस्ट्री के जाने-माने अभिनेता सिद्दकी पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। इन आरोपों के बाद सिद्दीकी ने एसोसिएशन ऑफ मलयालम मूवी आर्टिस्ट (AMMA) के अपने जनरल सेक्रेटरी के पद से इस्तीफा दे दिया है। अभिनेत्री रेवाती संपत ने सीनियर एक्टर सिद्दकी पर आरोप लगाया था कि जब उन्होंने इंडस्ट्री में कदम रखा था, तब सिद्दीकी ने उनके साथ रेप किया था। अभिनेत्री ने अपने बयान में कहा था- ‘जब मैं बच्ची थी, मैं बड़े सपने लेकर फिल्म सेक्टर में आई थी। उन्होंने मुझे एक होटल रूम में ये कहकर बुलाया कि उन्हें एक फिल्म प्रोजेक्ट को लेकर बात करनी है। मैं सिर्फ प्रोफेशनल अप्रोच के साथ उनसे मिली। लेकिन, उसने मुझे अपने जाल में फंसाया और मुझे सेक्शुअली अब्यूज किया। मेरा रेप हुआ, उसने मेरे साथ मारपीट भी की ‘। वह एक नंबर का क्रिमिनल है और उसने मेरी कुछ दोस्तों के साथ भी यही हरकत की थी। ये आरोप हेमा समिति की रिपोर्ट जारी होने के बाद सामने आए हैं, जिसने फिल्म उद्योग में बड़े पैमाने पर यौन शोषण का खुलासा किया था। रिपोर्ट में कहा गया है कि मलयालम फिल्म उद्योग में यौन उत्पीड़न की संस्कृति की जड़ें बहुत पुरानी हैं।
  • कल मचेगी देशभर में ‘श्री कृष्ण लल्ला’ के जन्म की धूम, जानिए इस पर्व के महत्व और इतिहास

    कल मचेगी देशभर में ‘श्री कृष्ण लल्ला’ के जन्म की धूम, जानिए इस पर्व के महत्व और इतिहास

    नई दिल्ली- जन्माष्टमी का त्योहार हर साल बहुत ही धूमधाम से मनाया जाता है। देश में जन्माष्टमी का त्योहार सदियों से मनाया जा रहा है। इस साल जन्माष्टमी का पर्व 26 अगस्त 2024 को सोमवार के दिन मनाया जाएगा। इस दिन को भगवान विष्णु के आठवें अवतार भगवान कृष्ण के जन्म के रूप में मनाया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार भाद्रपद महीने की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को ही रोहिणी नक्षत्र में भगवान श्री कृष्ण ने माता देवकी की कोख से जन्म लिया था। जन्माष्टमी का उत्सव मथुरा और वृंदावन में बहुत ही खास रूप से सजाया जाता है।

    श्री कृष्ण नगरी में जन्माष्टमी की रौनक को देखने हर साल करोड़ों की भीड़ जमा होती है। जन्माष्टमी का त्योहार भगवान कृष्ण के जन्मदिवस के रूप में मनाया जाता है। इसी दिन भगवान विष्णु के आठवें अवतार श्री कृष्ण ने माता देवकी की कोख से उनकी आठवीं संतान के रूप में जन्म लिया था। कंस के कारगार में जन्म लेने के बाद उनके पिता वासुदेव उनके गोकुल में नंद बाबा के यहां छोड़ आए थे। कृष्ण का सारा बचपन नंद गांव में बिता। कृष्ण ने कंश के अत्याचारों से संसार को मुक्ति कराने के लिए इस धरती पर जन्म लिया था।

    श्री कृष्ण के जन्म से पूरी गोकुल नगरी में उत्साह की लहर दौड़ गई थी। कंस के अत्याचारों से धरती को मुक्त कराने के लिए भगवान विष्णु ने द्वापर युग में भाद्रपद महीने की अष्टमी तिथि पर कृष्ण के रूप में देवकी के गर्भ से जन्म लिया। कृष्ण के जन्म से लोक परलोक दोनों ही प्रसन्न हो गए थे। इस कारण कृष्म के जन्म के रूप में जन्माष्टमी का प्रव भादव महीने की अष्टमी तिथि को मनाया जानें लगा। हिंदू धर्म में कृष्ण जन्माष्टमी के त्योहार का बहुत ही विशेष महत्व है।

    इस दिन भगवान कृष्ण की विधिवत पूजा की जाती है। जन्माष्टमी के शुभ अवसर पर भगवान कृष्ण के बाल रूप की पूजा की जाती है। इस दिन लड्डू गोपाल की पूजा करने से और व्रत करने से साधक को संतान सुख की प्राप्ति होती है और इसके साथ ही उनकी सारी मनोकामना की पूर्ति होती है। जन्माष्टमी के दिन मध्यरात्रि में भगवान कृष्ण के मंदिरों में विशेष पूजा- अर्चना की जाती है। जन्माष्टमी के दिन बहुत सारी जगहों पर दही हांडी का भी कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। इसके साथ ही कृष्ण की बाल लीलाओं का भी आयोजन किया जाता है।

  • दिनदहाड़े युवक की बेरहमी से हत्या, जाने मामला

    दिनदहाड़े युवक की बेरहमी से हत्या, जाने मामला

    हरियाणा – सोनीपत में रविवार को एक युवक की दिन दहाड़े हत्या करने का मामला सामने आया है। जानकारी के मुताबिक मृतक अपनी बहन को छोड़ कर घर लौट रहा था। मृतक की पहचान प्रदीप कुमार (23)निवासी गांव राठधना के तौर पर हुई है। हत्या की सूचना के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और छानबीन शुरू की। शव को पोस्टमार्टम के लिए सोनीपत के नागरिक अस्पताल भेजा गया।

    मृतक सफाई का कार्य करता था। परिजनों के अनुसार प्रदीप की बहन सुशीला रक्षाबंधन पर अपने मायके आई थी। वह रविवार दोपहर को अपने ससुराल कथूरा गांव जाने के लिए निकली थी। प्रदीप उसे बाइक पर बैठा कर ऑटो में बैठाने आया था। प्रदीप ने बहन सुशीला काे ऑटो में बैठा दिया और इसके बाद वह बाइक पर वापस घर आ रहा था। प्रदीप गांव की तरफ जाने लगा तो कुछ युवकों ने उसे रास्ते में घेर लिया। उस पर पहले डंडे से हमला किया। वह भागने लगा तो धारदार चाकू से उस पर कई वार कर किए गए और उसकी बेरहमी से हत्या कर दी गई। वारदात को अंजाम देकर हमलावर मौके से भाग गए।

    प्रदीप की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे। वहां पर प्रदीप का खून से सना शव बरामद हुआ। इसके बाद वारदात की सूचना पुलिस को दी गई। भाई की हत्या की सूचना मिलते ही उसकी बहन सुशीला भी आधे रास्ते से वापस लौट आई। सूचना के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची। फोरेंसिक टीम को बुलाकर वारदात से संबंधित तथ्यों को कब्जे में लिया गया। शव का पोस्टमार्टम करवाने के लिए सिविल अस्पताल में भेजा गया। परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।

  • Political Update: AAP के 5 पार्षदों ने थामा BJP का दामन

    Political Update: AAP के 5 पार्षदों ने थामा BJP का दामन

    नई दिल्ली : दिल्ली की राजीनीति से बड़ी खबर सामने आई है। जहा आप आदमी पार्टी के 5 पार्षदों ने अपनी पार्टी को छोड़ कर बीजेपी का दामन थाम लिया है है। पार्षद राम चंद्रा, पवन सराहवत, मंजू निर्मल, सुगंधा बिधूड़ी और ममता पवन को  आज बीजेपी की सीनियर लीडरशिप ने बीजेपी ज्वाइन करवाई। 

    बता दें कि दिल्ली में विधानसभा चुनाव होने में कुछ ही महीनों का समय शेष है। जिसके चलते बीजेपी ने अभी से अपनी कमर कसते हुए आप के 5 पार्षदों को पार्टी में शामिल करवा लिया है। दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा और बीजेपी नेता रामवीर सिंह बिधूड़ी ने सभी पार्षदों को पार्टी ज्वाइंन करवाई।

  • अंतरिक्ष में खेती का नया तरीका: कैसे Microgravity में उगाई जा रही हैं सब्जियां

    अंतरिक्ष में खेती का नया तरीका: कैसे Microgravity में उगाई जा रही हैं सब्जियां

    नई दिल्ली: अंतरिक्ष में जीवन को बेहतर बनाने के लिए वैज्ञानिक एक नई दिशा में काम कर रहे हैं। अब, अंतरिक्ष यात्री अपने मिशनों के दौरान ताजे फल और सब्जियों का आनंद ले सकेंगे, क्योंकि वैज्ञानिकों ने Microgravity में फसल उगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है।

    Microgravity में खेती का अनोखा तरीका
    अंतरिक्ष में खेती करने की प्रक्रिया को “स्पेस एग्रीकल्चर” कहा जाता है, जिसमें वैज्ञानिक विशेष प्रकार की जलवायु और ग्राउंड कंडीशन्स का उपयोग करके पौधों को उगाते हैं। हाल ही में, NASA और अन्य अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष एजेंसियों ने विभिन्न सब्जियों जैसे पालक, लेटस, और टमाटर की माइक्रोग्रैविटी में खेती करने में सफलता प्राप्त की है।

    क्या है Microgravity खेती का महत्व?
    माइक्रोग्रैविटी में खेती करने के कई लाभ हैं। पहले, यह अंतरिक्ष मिशनों में खाद्य सुरक्षा को बढ़ाता है, जिससे लंबी अवधि के अंतरिक्ष मिशनों के दौरान भी ताजे और पौष्टिक भोजन उपलब्ध रहता है। दूसरे, यह पृथ्वी पर भी उन्नत खेती तकनीकों के विकास में सहायक हो सकता है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां मिट्टी की कमी या पानी की किल्लत है।

    प्रौद्योगिकी और इनोवेशन
    स्पेस एग्रीकल्चर के लिए विशेष तकनीकों का उपयोग किया जाता है, जैसे हाइड्रोपोनिक्स और एरोपोनिक्स, जो बिना मिट्टी के पौधों को उगाने की अनुमति देती हैं। इन तकनीकों में पौधों को आवश्यक पोषक तत्व और पानी प्रदान किया जाता है, और प्रकाश के लिए LED लाइट्स का उपयोग किया जाता है, जो उन्हें प्राकृतिक सूर्य की रोशनी की तरह विकसित करती है।

    भविष्य की संभावनाएं
    अंतरिक्ष में खेती के इस नए तरीके के सफल प्रयोग से भविष्य में अंतरिक्ष यात्रियों के लिए स्वायत्त कृषि स्टेशन स्थापित करने की संभावना बढ़ गई है। यह न केवल अंतरिक्ष मिशनों के दौरान जीवन को सरल बनाएगा बल्कि पृथ्वी पर भी खेती के नए तरीके विकसित करने में मदद करेगा।

    इस नई तकनीक से उम्मीद की जा रही है कि यह अंतरिक्ष यात्रा के अनुभव को और अधिक सुखद और आत्मनिर्भर बनाएगी, और साथ ही पृथ्वी पर कृषि के क्षेत्र में नई क्रांति लाएगी।

  • इन जिलों में फैली खतरनाक बीमारी, दहशत का माहौल

    इन जिलों में फैली खतरनाक बीमारी, दहशत का माहौल

    बांसवाड़ा- गंभीर आनुवांशिक बीमारी सिकल सेल एनीमिया ने राजस्थान के आदिवासी इलाकों को चपेट में ले रखा है। बांसवाड़ा जिले में इस रोग से प्रभावित (पॉजीटिव) लोगों की संख्या 692 है। इसमें सभी आयुवर्ग के लोग हैं। जानकारी के मुताबिक माता-पिता में से कोई एक सिकल सेल एनीमिया से पीड़ित है तो बच्चों में यह बीमारी आ सकती है। बता दें कि यह एक बीमारी रेड ब्लड डिसऑर्डर से जुड़ी है। यह खून में मौजूद हीमोग्लोबिन को बुरी तरह प्रभावित करती है। ऐसे में शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं की कमी हो जाती है। ऐसे में शरीर के अंगों तक ऑक्सीजन ठीक से नहीं पहुंच पाती। शरीर के हिस्सों में तेज दर्द होने लगता है। बांसवाड़ा के डिप्टी सीएमएचओ डाक्टर ने बताया कि सिकल सेल एनीमिया कार्यक्रम के तहत बांसवाड़ा में अब तक 9 लाख 57 हजार लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है। इनमें 692 लोग पॉजिटिव पाए गए हैं। चिकित्सा विभाग उनकी लगातार मॉनीटिरिंग कर रहा है।

    साथ ही जागरूक किया जा रहा है कि जिन्हें यह बीमारी नहीं है वे पॉजिटिव पार्टनर से शादी न करें। ताकि उनके बच्चों में यह बीमारी न पहुंचे। शादी करने से पहले वे पार्टनर की स्क्रीनिंग कराएं। विभाग की ओर से पॉजिटिव पाए गए मरीजों को लगातार लगातार इलाज दिया जा रहा है। बता दें कि यह एक बीमारी रेड ब्लड डिसऑर्डर से जुड़ी है। यह खून में मौजूद हीमोग्लोबिन को बुरी तरह प्रभावित करती है। ऐसे में शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं की कमी हो जाती है। ऐसे में शरीर के अंगों तक ऑक्सीजन ठीक से नहीं पहुंच पाती। शरीर के हिस्सों में तेज दर्द होने लगता है।

  • कई सालों से लोग Free में इस Train में कर रहे हैं सफर, आप भी बिना टिकट कर सकते है सफर

    कई सालों से लोग Free में इस Train में कर रहे हैं सफर, आप भी बिना टिकट कर सकते है सफर

    Indian Railway Free Train: क्या आपने कभी सोचा है कि भारतीय रेलवे में एक ऐसी ट्रेन भी है, जिसमें आप बिना टिकट के सफर कर सकते हैं? जी हां, यह सच है! भारतीय रेलवे, जो एशिया का दूसरा और दुनिया का चौथा सबसे बड़ा रेलवे नेटवर्क है, जहां आमतौर पर सफर करने के लिए आपको टिकट की जरूरत पड़ती है। लेकिन हिमाचल प्रदेश और पंजाब की सीमा पर एक अनोखी ट्रेन चलती है, जिसमें सफर करने के लिए आपको किसी टिकट की जरूरत नहीं होती।

    भाखड़ा-नांगल ट्रेन: 75 सालों से मुफ्त सफर

    भाखड़ा-नांगल ट्रेन पिछले 75 वर्षों से लोगों को मुफ्त में सफर करवा रही है। यह ट्रेन भाखड़ा और नंगल के बीच चलती है और इसमें कोई टीटीई (ट्रैवलिंग टिकट एग्जामिनर) नहीं होता, इसलिए यात्रियों को टिकट की जांच की चिंता भी नहीं करनी पड़ती। ट्रेन के कोच लकड़ी के बने होते हैं और इसे डीजल इंजन से चलाया जाता है, जिसमें रोजाना लगभग 50 लीटर डीजल खर्च होता है।

    13 किलोमीटर का खूबसूरत सफर

    यह ट्रेन लगभग 13 किलोमीटर की दूरी तय करती है, जिसमें शिवालिक पहाड़ियों और सतलुज नदी के मनमोहक नज़ारे दिखाई देते हैं। इस ट्रेन का रूट पहाड़ों को काटकर बनाया गया है, जो इसे और भी आकर्षक बनाता है। ट्रेन की तीन बोगियों में से एक पर्यटकों के लिए और एक महिलाओं के लिए आरक्षित होती है, जिससे यात्रियों को एक खास अनुभव मिलता है।

    भाखड़ा-नांगल बांध से जुड़ी कहानी

    भाखड़ा-नांगल ट्रेन की शुरुआत 1948 में भाखड़ा-नांगल बांध के निर्माण के दौरान हुई थी। उस समय इस ट्रेन का इस्तेमाल कर्मचारियों, मजदूरों, और मशीनों को लाने-ले जाने के लिए किया जाता था। बाद में इसे पर्यटकों के लिए भी खोल दिया गया। भाखड़ा-नांगल बांध, जो दुनिया के सबसे ऊंचे स्ट्रेट ग्रैविटी डैम के तौर पर जाना जाता है, इसे देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं। इस ट्रेन के माध्यम से पर्यटक बिना किसी टिकट और किराए के इस ऐतिहासिक स्थल का आनंद ले सकते हैं।

    परंपरा और विरासत का हिस्सा

    2011 में इसे बंद करने का विचार किया गया था, लेकिन स्थानीय परंपरा और विरासत को ध्यान में रखते हुए इसे फिर से चालू रखने का फैसला लिया गया। आज, यह ट्रेन न केवल एक यात्रा का माध्यम है, बल्कि भारतीय रेलवे की अनूठी विरासत का प्रतीक भी है।

    तो अगर आप भी इस अनोखी ट्रेन में मुफ्त यात्रा का आनंद लेना चाहते हैं, तो भाखड़ा-नांगल ट्रेन का सफर जरूर करें। यह एक ऐसा अनुभव होगा जिसे आप कभी नहीं भूलेंगे!