Blog

  • सावधान! पैरों पर दिखने लगे ये Symptoms तो हो सकती है आपको ये बीमारी

    सावधान! पैरों पर दिखने लगे ये Symptoms तो हो सकती है आपको ये बीमारी

    हेल्थः लीवर शरीर का मुख्य अंग है, जो हमारे खून से जहरीले पदार्थों को साफ करता है, खाना पचाने में मदद करता है और हार्मोन्स को भी बैलेंस रखता है। लेकिन जब यह ठीक से काम नहीं कर पाता तो इसका सबसे पहला संकेत हमारे पैरों में नजर आता है। अगर आपके पैरों पर ये लक्षण दिखाई दे तो सावधान होने की जरूरत है।

    – पैरों पर लाल या भूरे रंग के धब्बे: पैरों के निचले हिस्से पर छोटे-छोटे लाल या भूरे रंग के निशान दिख सकते हैं। जब लीवर ठीक से काम नहीं करता, तो वह खून को जमाने वाले ज़रूरी प्रोटीन कम बनाता है। कभी-कभी ये सिरोसिस (लीवर की गंभीर बीमारी) से जुड़ी नसों की समस्या के कारण भी हो सकते हैं जिससे पैरों में खून जमा हो जाता है।

    – टखनों और पैरों पर मकड़ी जैसी नसें: जब लीवर सिरोसिस होता है तो शरीर में एस्ट्रोजन हार्मोन का संतुलन बिगड़ जाता है। यह हार्मोनल गड़बड़ी खून की नसों को फैला देती है, जिससे ये मकड़ी जैसी नसें ज़्यादा दिखने लगती हैं। ये सिर्फ़ दिखने में खराब नहीं लगतीं, बल्कि ये इस बात का इशारा हो सकती हैं कि लीवर में कोई गहरी नसों से जुड़ी समस्या है।

    – फटी एड़ियां: जब लीवर खराब होता है तो शरीर विटामिन ए, डी, ई और के जैसे ज़रूरी वसा-घुलनशील विटामिनों को ठीक से सोख नहीं पाता। खासकर विटामिन ए की कमी से त्वचा मोटी, रूखी और फटी हुई हो सकती है जो एड़ियों पर सबसे ज़्यादा दिखती है।

    – पैरों में जलन महसूस होना: रात में पैरों के तलवों में अजीब सी जलन या गर्मी महसूस होना हमेशा थकान या नसों की सामान्य समस्या के कारण नहीं होती। जब लीवर को गंभीर नुकसान होता है, खासकर शराब से जुड़े लीवर रोगों में, तो नसें खराब हो सकती हैं। इस नसों के डैमेज होने से पैरों में जलन या झुनझुनी महसूस होती है।

  • सरकारी Ticket Booking Counter चलाते पकड़ा व्यक्ति, 4 रेलवे अधिकारी निलंबित

    सरकारी Ticket Booking Counter चलाते पकड़ा व्यक्ति, 4 रेलवे अधिकारी निलंबित

    मुंबईः माहिम रेलवे स्टेशन पर एक अनाधिकृत व्यक्ति को सरकारी टिकट बुकिंग काउंटर चलाते रंगे हाथों पकड़ने का मामला सामने आया है। यह घटना रात करीब 8:30 बजे प्लेटफॉर्म नंबर 1 बुकिंग काउंटर नंबर 5 की है। व्यक्ति की पहचान 36 वर्षीय विनोद तानाजी दबंगे के रूप में हुई है, जो पेशे से प्रिंटर रिपेयर तकनीशियन है और ओम साईं नगर पाइपलाइन रोड, पिसावली, कल्याण (पूर्व) में रहता है। उसे बिना किसी आधिकारिक पदनाम, दस्तावेज या प्राधिकरण के अनारक्षित रेलवे टिकट बेचते पाया गया। उसे मुख्य सतर्कता निरीक्षक संदीप गोलकर, सतर्कता निरीक्षक भाविक द्विवेदी और संजय शर्मा, आरपीएफ हेड कांस्टेबल दिनेश गोस्वामी और अन्य आरपीएफ कर्मियों की एक सतर्क टीम ने पकड़ा। मामले में 4 रेलवे अधिकारी निलंबित कर दिए गए है।

    पूर्व सूचना के आधार पर रेलवे सतर्कता दल शाम करीब 7:00 बजे माहिम स्टेशन पहुंचा और अनारक्षित टिकट प्रणाली (यूटीएस) काउंटरों पर गतिविधियों की गुप्त निगरानी शुरू कर दी। अनियमितताओं को देखते वे रात 8:30 बजे स्टेशन मास्टर के साथ बुकिंग कार्यालय में घुसे, तो पाया कि काउंटर के पीछे दबंगे टिकट जारी कर रहे थे, जबकि नामित रेलवे कर्मचारी पास के कमरे में नाश्ता कर रहे थे। पूछताछ करने पर दबंगे ने बताया कि उसे मुख्य बुकिंग पर्यवेक्षक गणेश पाटिल ने स्टेशन पर बुलाया था, जिन्होंने कथित तौर पर उसे अपनी निगरानी में टिकटिंग का काम करने का निर्देश दिया था। हालांकि, दबंगे ने ऐसा नहीं किया।

  • Punjab News: काम से घर लौट रहे नेपाली युवक का तेजधार हथियारों से कत्ल

    Punjab News: काम से घर लौट रहे नेपाली युवक का तेजधार हथियारों से कत्ल

    लुधियानाः शहर में एक नेपाली मूल के युवक की देर रात तेजधार हथियारों से हमला कर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान किशन थापा के रूप में हुई है, जो ग्यासपुरा इलाके में रहता था। वह किसी काम से वापस लौट रहा था, तभी कुछ अज्ञात युवकों ने उसे घेरकर उस पर जानलेवा हमला कर दिया।

    स्थानीय लोगों ने किशन थापा को गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस के अनुसार, यह हमला आपसी रंजिश का नतीजा बताया जा रहा है। डिवीजन नंबर-6 की एसएचओ कुलवंत कौर ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि हमलावरों के साथ किशन की पुरानी दुश्मनी थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। मृतक के परिजनों के बयान लिए जा रहे हैं, जिससे हत्या के पीछे के असली कारणों का खुलासा हो सके। फिलहाल इस घटना ने इलाके में दहशत का माहौल बना दिया है, वहीं लोगों ने प्रशासन से आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग की है।

  • फर्जी MMRDA Home Scheme के जरिए 16 लोगों से 1.57 करोड़ रुपए ठगे, 2 लोग गिरफ्तार

    फर्जी MMRDA Home Scheme के जरिए 16 लोगों से 1.57 करोड़ रुपए ठगे, 2 लोग गिरफ्तार

    मुंबई: भांडुप पुलिस ने 2 महिलाओं लक्ष्मी किसन बंदे (55) और नीता अंकुश सरायकर (40) को सरकारी आवास पुनर्विकास योजना के लिए एजेंट होने का नाटक करके 16 लोगों से 1.57 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। उन्होंने पीड़ितों को लुभाया, कुर्ला और कांजुरमार्ग में उपलब्ध फ्लैट दिखाए, जिसमें बजट-अनुकूल एमएमआरडीए अपार्टमेंट लगभग 8 लाख रुपये प्रति यूनिट और त्वरित मालिक बनने की गारंटी दी गई। विश्वसनीयता बनाने के लिए, उसने पीड़ितों से सीलबंद दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवाए और उनकी तस्वीरें एकत्र कीं।

    कई पीड़ित मुख्य रूप से घरेलू कामगार और दिहाड़ी मजदूर ने संपत्तियां बेचीं, गहने गिरवी रखे और निवेश करने के लिए व्यक्तिगत ऋण लिया, जिनमें से एक, मीरा सुदन्ना कांबले ने अपने बेटों के लिए चार अपार्टमेंट खरीदने की कोशिश करते हुए 39.5 लाख रुपये गंवा दिए। जनवरी से नवंबर 2023 तक दोनों महिलाओं ने निवेशकों से कुल 1,57,75,500 रुपये एकत्र किए। प्रतिवादी ने अपार्टमेंट की शीघ्र तैयारी के बारे में भ्रामक गारंटी दी और पीड़ितों को पोस्ट-डेटेड चेक जारी किए, उन्हें भुनाने से इनकार कर दिया।

    कुछ मामलों में पीड़ितों ने दावा किया कि उन्हें कानून प्रवर्तन के सामने स्थिति को गलत तरीके से प्रस्तुत करने के लिए मजबूर किया गया था। अधिकारियों ने इस बात पर प्रकाश डाला कि ऐसे कोई वैध कार्यक्रम नहीं हैं जो निजी व्यक्तियों को पुनर्विकास के लिए धन जुटाने की अनुमति देते हैं, लोगों को आधिकारिक स्रोतों के माध्यम से आवास पहल की जांच करने की सलाह देते हैं, जबकि मामले की धोखाधड़ी, विश्वासघात और आपराधिक साजिश के लिए जांच की जा रही है। दोनों महिलाओं के खिलाफ अलग-अलग पुलिस अधिकार क्षेत्र में मामले पहले ही दर्ज किए जा चुके हैं।

  • Punjab News: Dr. Anil Kamboj से मिले Health Minister बलबीर सिंह, देखें वीडियो

    Punjab News: Dr. Anil Kamboj से मिले Health Minister बलबीर सिंह, देखें वीडियो

    मोगाः कोटईसे खां में गोली लगने से घायल डाक्टर अनिल कंबोज से मिलने सेहत मंत्री बलबीर सिंह मेडिसिटी अस्पताल पहुंचे। एमएलए दविंदर जीत सिंह लाड़ी, एमएलए डाक्टर अमनदीप कौर अरोड़ा की अगुवाई में डाक्टर अनिल कंबोज का हालचाल पूछा। वहीं सेहत मंत्री ने एक्ट्रेस तानिया से भी बातचीत की।

    मीडिया से बात करते सेहत मंत्री ने बताया कि डाक्टर अनिल कंबोज को अभी आईसीयू में रखा गया है। वह वेंटिलेटर पर है। इस दौरान मंत्री ने बताया कि पुलिस अपना काम कर रही है और जल्दी ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सेहत मंत्री बलबीर सिंह ने कहा कि पंजाब के सभी सरकारी अस्पतालों में डाक्टरों की सुरक्षा को यकीनी बनाया जा रहा है।

  • Punjab News: घर के पुरुषों की मौत के बाद दर-दर की ठोकरे खा रही 2 महिलाएं, देखें वीडियो

    Punjab News: घर के पुरुषों की मौत के बाद दर-दर की ठोकरे खा रही 2 महिलाएं, देखें वीडियो

    बच्चों के पालन-पोषण के लिए लगाई मदद की गुहार

    फिरोजपुरः जिले के कस्बा ममदोट के चपटी गांव का एक गरीब परिवार बच्चों के पालन-पोषण के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है, क्योंकि घर में कोई कमाने वाला नहीं बचा है। घर के पुरुषों की किसी न किसी वजह से मौत हो चुकी है और घर में सिर्फ 2 महिलाएं ही बची हैं। घर के हालात इतने खराब हो गए हैं कि कभी घर में खाना बनाते हैं तो कभी भूखे पेट सोना पड़ता है। बातचीत के दौरान पीड़ित महिला अमरजीत कौर ने बताया कि उनके घर के हालात बहुत खराब हैं, घर में कोई कमाने वाला नहीं है। उनकी खुद की मां बीमार रहती हैं और उनकी एक बेटी है, उनके पति की भी मौत हो चुकी है, जो अब घर की चौखट पर बैठी मां पर बोझ बनकर रह गए हैं। घर में कमाने वाला कोई नहीं होने से घर का चूल्हा भी ठंडा रहता है। पीड़ित महिला के मुताबिक उसके 2 छोटे बच्चे हैं, जिनमें से एक करीब 3 महीने का है। मां का दूध पीने वाले छोटे बच्चे को भी कई बार भूखा रहना पड़ता है और मजदूरी करने जाना पड़ता है। कभी दिहाड़ी मिल जाती है तो कभी बिना दिहाड़ी के वापस आना पड़ता है। सरकारी सुविधाएं उसके काम नहीं आ रही हैं और न ही कोई सरकारी मदद उसे मिल रही है। उसने मांग की है कि उसे कुछ मदद दी जाए ताकि उसका परिवार गुजर-बसर कर सके।
  • Jalandhar Maqsuda Mandi अपने हालात पर रो रही, बदबू और गंदगी की भरमार में दुकानदारों का जीन हुआ मुश्किल, देखें वीडियो

    Jalandhar Maqsuda Mandi अपने हालात पर रो रही, बदबू और गंदगी की भरमार में दुकानदारों का जीन हुआ मुश्किल, देखें वीडियो

    जगह-जगह लगे गली-सड़ी सब्जियों के डेर, सफाई व्यवस्था का बुरा हाल

    जालंधरः शहर की मशहूर मकसूदा मंडी इन दिनों अपनी हालत पर रो रही है। चारों और बदबू और गंदगी की भरमार है। दुकानदार तो दूर मंडी आने वाले भी परेशान हो रहे है। मंडी में इतनी बदबू फैली हुई है कि यहां 5 मिनट तक खड़ा भी नहीं होया जा रहा। राहगीर भी मुंह पर कपड़ा बांध कर गुजर रहे है। बता दें कि मकसूदा मंडी में 1500 के रेहड़िया और फड़िया लगाई जा रही है। प्रति रेहड़ी रोजाना का 100 रुपए रुपए दे रहे है। वहीं मंडी के लिए अलग से सफाई वाले रखे है जो सप्ताह में एक बार सफाई करने आते है औऱ प्रति दुकान से 30 रुपए लेकर जाते है। इसके बावजूद सफाई व्यवस्था न के बराबर है। मंडी में चारों और गली सड़ियां सब्जियां, फल और कूड़ा कर्कट फैला हुआ है। जिससे लोगों में बीमारी फैलने का डर बना हुआ है। कुछ दुकानदारों ने बताया कि नंदनपुर शेड के पास इतनी गंदगी फैल चुकी है कि यहां से गुजरना मुश्किल है। 5 मिनट के लिए खड़ा होना बीमारी के न्यौता देने के बराबर है। इस संबंधी कई बार मंडी बोर्ड के चेयरमैन को सूचित किया लेकिन अभी तक कोई सुनावाई नहीं हो रही। दुकानदारों का कहना है कि गंदगी के साथ-साथ फिसलन भी बढ़ चुकी है, आए दिन वाहन चालक गिर कर चोटिल हो रहे है। अब बरसात का सीजन भी शुरू हो चुका है, ऐसे में मच्छर, मक्खियों के मंडराने से बीमारी फैलने का डर सता रहा है।
  • गड्ढे से बचने के चक्कर में हादसा, पिकअप में घुसी Car, 4 की मौत

    गड्ढे से बचने के चक्कर में हादसा, पिकअप में घुसी Car, 4 की मौत

    बारांः सड़क हादसे में कार सवार 4 लोगों की मौत होने का मामला सामने आया है। गड्ढा बचाने की कोशिश में कार बेकाबू होकर आगे चल रही पिकअप में घुस गई। हादसा राष्ट्रीय राजमार्ग-27 पर गजनपुरा में हाड़ौती पैनोरमा के पास हुआ। कार सवार लखनऊ (यूपी) से कोटा जा रहे थे। बारां डीएसपी ओमेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि शनिवार देर रात हुए एक्सीडेंट में 3 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई जबकि एक युवती ने कोटा में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

    पुलिस ने गाड़ी में फंसे सभी घायलों को बड़ी मुश्किल से बाहर निकाला। इसके बाद इन्हें स्थानीय हॉस्पिटल में ले जाया गया, जहां से घायल युवती को कोटा रेफर किया गया। मृतकों की पहचान लखनऊ के रहने वाले नमन चतुर्वेदी (25), दिल्ली के राहुल प्रकाश (30), गोरखपुर की अंशिका मिश्रा (25) और लखनऊ की जया शर्मा (25) के तौर पर हुई है। डीएसपी ने बताया कि मृतकों के परिवार को जानकारी दी गई है। उनके आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी।

  • मलयाली परिवारों को हिंसक रूप से बनाया जा रहा निशाना, वकील विजयन ने पुलिस आयुक्त को लिखा पत्र

    मलयाली परिवारों को हिंसक रूप से बनाया जा रहा निशाना, वकील विजयन ने पुलिस आयुक्त को लिखा पत्र

    मुंबईः मीरा-भायंदर वसई-विरार के पुलिस आयुक्त, अधिवक्ता शैलजा विजयन, जिला विधिक सहायता केंद्र, ठाणे की पैनल सदस्य और मीरा रोड मलयाली समाजम की संयुक्त सचिव को एक पत्र लिखा गया है, जिसमें गैर-महाराष्ट्रियों, विशेष रूप से मलयाली निवासियों पर हमलों और उत्पीड़न में कथित वृद्धि के बाद उन पर कुछ हमलों की आशंका जताई गई है। इस पत्र को तत्काल के रूप में चिह्नित किया गया है, जिसमें केरल के मुख्य सचिव और मीरा-भायंदर निर्वाचन क्षेत्र के विधायक नरेंद्र मेहता को भी प्रतियां भेजी गई हैं, जिसमें इस मुद्दे की गंभीरता पर प्रकाश डाला गया है।

    एडवोकेट विजयन के अनुसार, मीरा-भायंदर और वसई-विरार में कई मलयाली परिवारों और व्यक्तियों को लक्षित हिंसा, धमकी और भेदभावपूर्ण कृत्यों का सामना करना पड़ा है, जो कथित तौर पर भाषाई और क्षेत्रीय पहचान से प्रेरित हैं। पत्र में कहा गया है, “ये कोई अलग-थलग घटनाएं नहीं हैं, बल्कि एक परेशान करने वाली प्रवृत्ति का हिस्सा हैं जो सार्वजनिक शांति और सांप्रदायिक सद्भाव को खतरे में डालती हैं। इसने कानून का पालन करने वाले मलयाली परिवारों के बीच भय और असुरक्षा का माहौल पैदा कर दिया है, जिन्होंने लंबे समय से इस क्षेत्र के विकास में योगदान दिया है। अपने पत्र में, अधिवक्ता विजयन ने पुलिस आयुक्त से तेजी से और निर्णायक रूप से कार्य करने का आग्रह किया है।

    उन्होंने कहा कि संवेदनशील क्षेत्रों में तत्काल पुलिस सुरक्षा प्रदान की जाए, खासकर उन क्षेत्रों में जहां मलयाली और अन्य गैर-महाराष्ट्रियन समुदायों की आबादी अधिक है। दूसरा, हमलों के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कानूनी प्रावधानों के तहत समयबद्ध जांच और मुकदमा सुनिश्चित किया जाए। इसके अलावा, प्रभावित समुदायों के लिए उत्पीड़न और धमकियों की रिपोर्ट करने के लिए एक समर्पित हेल्पलाइन या नियंत्रण कक्ष की स्थापना की जाए और अंत में, कृत्यों की निंदा करते हुए एक सार्वजनिक बयान जारी किया जाए और भाषा या जातीयता के बावजूद हर नागरिक के शांति से रहने के अधिकार को मजबूत किया जाए।

    पत्र में केरल सरकार से घटनाक्रम पर बारीकी से नजर रखने और महाराष्ट्र में मलयाली निवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समर्थन देने का भी आह्वान किया गया है। इसके अतिरिक्त, यह विधायक नरेंद्र मेहता से हस्तक्षेप करने और सांप्रदायिक सद्भाव को बहाल करने में मदद करने की अपील करता है। अपने समापन भाषण में, अधिवक्ता विजयन ने महाराष्ट्र की समावेशी भावना का आह्वान किया: “महाराष्ट्र की भावना हमेशा विविधता में एकता की रही है, इसे नष्ट नहीं होने दिया जाना चाहिए।”

  • Punjab News: इस इलाके में तीन साल से सीवरेज की समस्या से जूझ रहे दुकानदार, सड़कें हुई बदहाल, देखें वीडियो

    Punjab News: इस इलाके में तीन साल से सीवरेज की समस्या से जूझ रहे दुकानदार, सड़कें हुई बदहाल, देखें वीडियो

    अमृतसरः जहाजगढ़ इलाके के दुकानदार पिछले तीन-चार सालों से एक बड़ी समस्या से जूझ रहे हैं। इलाके में सीवरेज का पानी लगातार खड़ा रहने के कारण न केवल सड़कें बदहाल हो चुकी हैं, बल्कि दुकानदारों के कारोबार पर भी भारी प्रभाव पड़ रहा है। बरसाती मौसम में तो स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि सीवरेज और बारिश का पानी मिलकर इलाके को पानी से भर देते हैं।

    दुकानदारों ने बातचीत करते बताया कि इन हालात की वजह से ग्राहक आना बंद कर चुके हैं। कोई रास्ता ही नहीं है गुजरने का। ग्राहक आते ही नहीं। हमारा माल दूसरी ट्रांसपोर्ट कंपनियों के पास पैक हो रहा है, क्योंकि डिलीवरी वाले कहते हैं कि रास्ता नहीं मिलता। बातचीत में यह भी सामने आया कि इलाके में ट्रांसपोर्टरों की लगभग 15-20 दुकानें हैं जिनके व्यापार पर सीवरेज पानी का सीधा प्रभाव पड़ रहा है। दुकानदारों के अनुसार उन्होंने कई बार स्थानीय एमएलए जीवनजोत कौर को आवेदन दिया, दफ्तर में जाकर भी बात की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।

    सोचने वाली बात यह है कि दुकानदारों से मात्र 100 मीटर की दूरी पर एमएलए का दफ्तर है, जिसकी सड़क बिल्कुल साफ और सुंदर बनी हुई है। पर आम व्यापारी, जो दिन-रात मेहनत करते हैं और सरकार को टैक्स भी देते हैं, उनके लिए कोई सुविधा नहीं है। इलाके के निवासी और व्यापारी सरकार और स्थानीय प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि जल्द से जल्द इन हालात को ठीक किया जाए, सीवरेज लाइनों की सफाई करवाई जाए, और सड़कों की मरम्मत के लिए तुरंत कार्रवाई की जाए।