Blog

  • जालंधरः विवादों में आया MGN COLLEGE, स्टूडेंट्स ने लगाए गंभीर आरोप, देखें वीडियो

    जालंधरः विवादों में आया MGN COLLEGE, स्टूडेंट्स ने लगाए गंभीर आरोप, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: आदर्श नगर स्थित MGN COLLEGE विवादों में घिरता हुआ दिखाई दे रहा है। वहीं MGN COLLEGE को लेकर स्टूडेंट्स ने मोर्चा खोल दिया है। स्टूडेंट्स का कहना है कि पूरे पंजाब में बच्चों की परीक्षा के नतीजे आ गए है, लेकिन उनके 80 बच्चों के नतीजे नहीं बताए जा रहे। स्टूडेंट्स ने प्रशासन पर आरोप लगाए है कि उनसे झूठे साइन करवाए गए है। वहीं उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी ने प्रशासन को पनेल्टी डाली है, दरअसल, प्रशासन ने यूनिवर्सिटी को समय पर फीस नहीं भेजी, जिसके कारण यूनिवर्सिटी ने पनेल्टी प्रशासन को लगा दी है।

    स्टूडेंट्स का आरोप है कि प्रशासन अब पनेल्टी की मांग उनसे कर रहा है। स्टूडेंट्स का आरोप है कि हमने समय पर स्कूल को फीस दे दी थी। ऐसे में प्रशासन द्वारा अब हमारा रिजल्ट रोका जा रहा है। स्टूडेंट्स का कहना है कि अगर हमें हमार रिजल्ट ना दिया गया तो 5 तारीख को वह स्कूल के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे। वहीं दूसरी ओर इस मामले को लेकर अभी तक स्कूल की प्रिंसीपल का कोई बयान सामने नहीं आया है। वहीं स्टूडेंट के अभिभावक ने कहा कि बीएड के स्टूडेंट है। अभिभावक का कहना है कि अन्य कॉलेजों ने यूनिवर्सिटी को पनेल्टी भर दी है, लेकिन MGN COLLEGE पनेल्टी फीस नहीं भरी है। उनका कहना है कि MGN COLLEGE ने हाईकोर्ट में इस पनेल्टी को लेकर चुनौती दी है।

    जिसके कारण यूनिवर्सिटी ने MGN COLLEGE के स्टूडेंट्स का रिजल्ट रोक दिया है। अभिभावक का कहना है कि इसके चलते बच्चों का भविष्य खराब हो रहा है। अभिभावक का कहना है कि MGN COLLEGE बच्चों से पनेल्टी फीस ले रहा है जो कि आगे नहीं दे रहा है। उनका आरोप है कि 3 महीने से रिजल्ट सभी कॉलेज के बच्चों का आ गया है, लेकिन MGN COLLEGE का रिजल्ट नहीं आया है और ना ही प्रशासन अभी तक कुछ बता रहा है। उनका कहना है कि जब तक उनका रिजल्ट ना मिला तो ऐसे में वह टीचर की नौकरी के लिए आगे अप्लाई नहीं कर सकते। वहीं अन्य व्यक्ति का कहना है कि प्रशासन की इस लापरवाही के कारण बच्चे परेशान हो रहे है। 

  • 2 मंजिला मकान गिरा, 5 लोग दबे, 2 की मौत

    2 मंजिला मकान गिरा, 5 लोग दबे, 2 की मौत

     नई दिल्ली : दिल्ली से सटे गाजियाबाद के लोनी थाने की रूपनगर कॉलोनी में 2 मंजिला मकान भरभराकर नीचे गिर गया। जिसमें 2 लोगों की मौत हो गई। जबकि 3 लोगों को बाहर निकाला गया है। मलबे में कई और लोगों के दबे हो सकते हैं। घटनास्थल पर राहत एवं बचाव कार्य जारी है। हादसे के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। घटनास्थल पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और दमकल कर्मी मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य में जुट गए।

    घटना के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया हैजानकारी के अनुसार तीन मंजिला इमारत धमाके की वजह से गिरी है। मलबे में पांच लोग दबे थे। जिसमें 2 लोगों की मौत हो गई। जबकि पुलिस और दमकलकर्मियों ने तीन लोगों को बाहर निकाला है। पड़ोसियों ने बताया कि आवासीय घर में कुछ महिलाओं से काम कराया जाता था। वहीं मकान को इमरान नाम के व्यक्ति ने किराए पर लिया था। मलबे से उसका शव बरामद हो चुका है। मकान में धमाके की वजह या तो सिलेंडर फटना या अवैध तौर पर पटाखे बनाना है।

  • जालंधरः मशहूर कपल सहज अरोड़ा को लेकर फिर आया करण दत्ता का बयान, देखें वीडियो

    जालंधरः मशहूर कपल सहज अरोड़ा को लेकर फिर आया करण दत्ता का बयान, देखें वीडियो

    सहज को लेकर किए खुलासे, दी पर्चा दर्ज करने की दी चेतावनी

    जालंधर, ENS : मशहूर कपल की आपत्तिजनक वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर काफी चर्चा हो रही है। वहीं बीते दिन सहज अरोड़ा इस वायरल वीडियों को लेकर सोशल मीडिया पर लाइव हुए थे। जिस दौरान उन्होंने रोते हुए अपनी इन वीडियो को डिलीट करने की लोगों से अपील की। वहीं उन्होंने बीते दिन करण दत्ता पर वीडियो वायरल करने के आरोप लगाए थे। इस बयान के बाद एक बार फिर करण दत्ता का बयान सामने आया है। जिसमें करण दत्ता ने भी रोते के एक्टिंग करके वीडियो जारी किया है। करण दत्ता ने अपने ऊपर सहज द्वारा लगाए गए आरोपों को बेबुनियाद बताया है। इस दौरान उन्होंने कहा कि सहज अरोड़ा ने कहा कि अब मैं जो कुछ उनके बारे में कहने जा रहा हूं उसका जिम्मेदार खुद सहज होगा। करण ने कहा कि यह वीडियो काफी समय पहले रूक सकती थी, अगर वह वीडियो जारी कर भड़काऊ बयान ना देते। इस दौरान करण ने कहा कि मुझे नहीं लगता था कि इनके मन में जो भी आएगा वह बोलते रहेंगे। करण ने कहा कि पिछली वीडियो में सहज ने कहा था कि वीडियो फेक उसके बाद अब वीडियो जारी कर वह कह रहा है कि उन्हें बहुत हरास किया गया है। करण ने कहा इन सब में मैं कहां से आ गया। करण ने कहा कि अगर मेरे बारे में कुछ कहा जा रहा है तो उसका जवाब मैं जरूर दूंगा।  

    इस दौरान करण ने कहा कि लोग इतने अंजान नहीं है। करण ने कहा कि जब सहज ने पहली वीडियो जारी की थी तो उस समय मेरी शिकायत थाने में क्यों नहीं की और सोशल मीडिया पर जारी की पहली वीडियो में भी सहज ने मेरा नाम क्यों नहीं लिया। करण ने कहा कि उस समय इसे क्या हुआ था। करण ने कहा कि जब लोगों ने इसे कोसना शुरू किया था तो उस समय सबसे पहले इटली के एक व्यक्ति की वीडियो सामने आई थी। जिसमें उसने वीडियो शेयर ना करने की रिक्वेस्ट की थी। इस दौरान उसने कहा था कि जो हो गया वह उसे नहीं करना चाहिए था। लेकिन अब उसकी वीडियो आगे शेयर ना की जाए। करण ने कहा कि उसके बाद मैंने वीडियो पोस्ट की, जिसमें मैंने कहा कि मशहूर कपल को परेशान ना किया जाए, उसकी लाइफ खराब हो सकती है। करण ने सहज का नाम लिए बिना कहा कि तुमने खुद आकर भड़काऊ बयान दिए है।

    जिसमें उसने कहा कि वीडियो फेक है, इसे वायरल करके व्यूज खाए जा रहे है, हम उसे देख लेंगे। करण ने कहा कि फिर अब देखों बैठकर, हम कोई बच्चे तो है नहीं या हमें कुछ पता नहीं चल रहा। करण ने कहा लाइव आकर अब मेरा नाम ले रहा है। करण ने सहज का नाम लिए बिना सीधी-सीधी चेतावनी देते हुए कहा कि मुझे लगता है कि वह मेंटल हरकत रहा है। करण ने कहा कि तू भी जालंधर में रहकर फेमस है और मैं भी फेमस हूं। इस दौरान करण ने कहा कि तू अपना हाल देख और मेरा हाल देख, सबसे ज्यादा तुम्हें ही कोसा गया है। सारी गलत हरकतें तेरे साथ ही होने होती है, हम भी कैमरे का इस्तेमाल करते है, ब्लॉगिंग का इस्तेमाल करते है, हम हर जगह घूमने भी जाते है। लेकिन आज तक किसी ने हमें क्यों नहीं गलत कहा कि मेरे कारण यह कुछ हो रहा है। करण ने सहज का नाम लिए बिना कहा कि हर दूसरे महीने तेरे साथ ही ऐसा क्यों होता है। करण ने कहा कि अब मेरा नाम वीडियो में सहज ले रहा है।

    क्या उसके पास कोई मेरे खिलाफ सबूत है या किसी ने मैसेज भेजा है, जिसमें उसने कहा कि मैंने किसी को मैसेज के जरिए भी कहा हो कि यह आपत्तिजनक वीडियो वायरल कर दो। इस दौरान करण ने सीधी चुनौती देते हुए कहा कि अब मैं पुलिस स्टेशन जा रहा हूं और तेरे खिलाफ डिफेमिंग का पर्चा दर्ज करवाने जा रहा हूं। करण ने कहा कि मैं शिकायत में कहूंगा कि बिना किसी सबूत या बिना किसी डाटा के मेरा गलत नाम यह ले रहा है और मुझे बदनाम कर रहा है। करण ने कहा कि अब मैं नहीं इसे कहूंगा कि मेरे नाम वाली वीडियो यह डिलीट करें लेकिन मैं यह जरूर कहूंगा कि अब यही व्यक्ति सबके सामने एक वीडियो जारी करेंगा और कहेगा कि यह काम किसने किया है या किसने नहीं किया है। इस दौरान करण ने कहा कि जिस लड़की को पकड़ा है उसने पहले क्यों नहीं मेरा नाम नहीं लिया।

  • पंजाबः NIA का एक्शन, खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत पन्नू की संपत्तियां की जब्त

    पंजाबः NIA का एक्शन, खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत पन्नू की संपत्तियां की जब्त

    अमृतसरः राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने खालिस्तानी आतंकी और प्रतिबंधित सिख फॉर जस्टिस (एसएफजे) के नेता गुरपतवंत सिंह पन्नू की पंजाब के अमृतसर और चंडीगढ़ स्थिति संपत्तियों को जब्त कर लिया है। पन्नू इस समय अमेरिका में रह रहा है और वहां से लगातार वीडियो जारी भारत के खिलाफ जहर उगलता है। एनआईए ने पन्नू की जो संपत्तियां पंजाब में जब्त की हैं। उनमें अमृतसर जिले के बाहरी इलाके में स्थित पैतृक गांव खानकोट में 46 कनाल कृषि संपत्ति और चंडीगढ़ के सेक्टर 15, सी स्थित उसका मकान शामिल हैं। ज़ब्ती का यह है कि अब पन्नू संपत्ति का अधिकार खत्म हो गया है और यह संपत्ति अब सरकार की है।

    2020 में भी उसकी संपत्तियां कुर्क कर ली गई थी। जिसका मूल अर्थ यह था कि वह संपत्ति नहीं बेच सकता था, लेकिन इस कदम के बाद पन्नू ने संपत्ति का मालिकाना हक खो दिया है। दरअसल कनाडा में खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की मौत को लेकर भारत-कनाडा के बीच तल्खी बढ़ रही है। कनाडा में रहने वाले हिंदुओं को खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने धमकी देकर कहा है कि वे देश छोड़ दें। इस पूरे मामले को लेकर कनाडाई हिंदुओं ने ट्रूडो सरकार से एक चिट्ठी में मांग करते हुए कहा है कि खालिस्तानी आतंकी पन्नू की स्पीच हेट क्राइम के तौर पर दर्ज की जाए।

  • बड़ा हादसा: राधा अष्टमी पर दर्शन करने आए श्रद्धालुओं की मौत

    बड़ा हादसा: राधा अष्टमी पर दर्शन करने आए श्रद्धालुओं की मौत

    मथुराः उत्तर प्रदेश के मथुरा के बरसाना में राधा अष्टमी पर दो श्रद्धालुओं की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। भीड़ के दबाव के कारण मौत की आशंका जताई जा रही है। पुलिस ने मौत के पीछे बीमारी होने का दावा किया है। वहीं, प्रशासन ने भी स्पष्ट किया है कि दोनों ही श्रद्धालुओं की मौत बीमारी से हुई है। भीड़ के दबाव से किसी की मौत नहीं हुई है। मृतकों में बुजुर्ग महिला श्रद्धालु इलाहाबाद की रहने वाली है। वहीं, दूसरे बुजुर्ग मृतक की शिनाख्त नहीं हो सकी है। इस हादसे को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा दुःख प्रकट किया है। एसपी देहात त्रिगुण बिसेन ने बताया कि शनिवार तड़के पुलिस को दो श्रद्धालुओं की बरसाना में मौत होने की जानकारी मिली। बरसाना थाना इंस्पेक्टर को मौके पर भेजा गया।

    पुलिस को सुदामा चौक से कटरा चौक जाने वाले मार्ग पर एक बुजुर्ग का शव मिला। आसपास भीड़ लगी हुई थी। मृतक की उम्र करीब 70 वर्ष है। पुलिस ने भीड़ से पूछताछ कर शिनाख्त का प्रयास किया, मगर अभी तक उनकी पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम हाउस भेजा है। वहीं दूसरी मौत कटरा चौक के पास 60 वर्षीय महिला श्रद्धालु राजमणि निवासी प्रयागराज की हुई है। राजमणि राधारानी के दर्शन करने अपने परिवार के साथ बरसाना पहुंची थीं। सुबह दर्शन को जाने वाली थीं। अचानक से उनकी शुगर बढ़ने से तबीयत खराब हो गई। उनकी बहन शोभा ने दवा दी तो वह अचेत होने लगीं। डॉक्टर के पास उन्हें उपचार के लिए ले जाने लगे।

    मगर, रास्ते में ही दम तोड़ दिया।  राजमणि की बहन सोभा ने बताया उनको शुगर की बीमारी थी। धर्मशाला से डॉक्टर के पास ले जा रहे थे। तभी रास्ते में दम तोड़ दिया। सीएचसी प्रभारी मनोज ने बताया महिला श्रद्धालु को मृत अवस्था में लाया गया था। एसपी देहात के अनुसार अज्ञात पुरुष श्रद्धालु का शव पोस्टमार्टम हाउस पर भेज दिया गया है। वहीं, महिला श्रद्धालु के शव को उसके परिवार वाले बिना पोस्टमार्टम कराए ले गए हैं। वहीं इस हादसे को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा दुःख प्रकट किया है। मुख्यमंत्री ने दिवंगत आत्मा की शांति की कामना करते हुए शोक संतप्त परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। 

  • पंजाबः नवजात बच्चे को आवारा कुत्तों ने नोंचा, मौत

    पंजाबः नवजात बच्चे को आवारा कुत्तों ने नोंचा, मौत

    लुधियाना: ढोलेवाल इलाके में उस समय दहशत का माहौल हो गया जब कुछ राहगीरों ने एक नवजात बच्चे को आवारा कुत्तों द्वारा नोंचते हुए देखा। लोगों ने कुत्तों को भगाने की कोशिश की, लेकिन बच्चे की मौत हो गई। स्थानीय लोगों ने घटना संबंधी जानकारी थाना डिवीजन नंबर 6 की पुलिस को दी। मौके पर पहुंचे एएसआई अमरीक सिंह ने नवजात शिशु को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल में रखवा दिया गया है।

    थाना एएसआई अमरीक सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच से ऐसा लग रहा है कि किसी अज्ञात महिला ने अपना मातृत्व छुपाने के लिए बच्चे को जन्म के बाद फुटपाथ पर फेंक दिया होगा। अमरीक सिंह के मुताबिक मामले की जांच के लिए ढोलेवाल और आसपास के अस्पतालों और नर्सिंग होम की सीसीटीवी फुटेज चेक की जा रही है। पुलिस ने इस मामले में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और उनकी पहचान करने की कोशिश की जा रही है।

  • पंजाबः विदेश जाने वाले छात्रों की बढ़ी परेशानी, कनाडा एजुकेशन फेयर Postponed

    पंजाबः विदेश जाने वाले छात्रों की बढ़ी परेशानी, कनाडा एजुकेशन फेयर Postponed

    जालंधर, ENS : भारत और कनाडा के बीच रिश्तों में आई तल्खी से विदेश जाने वाले स्टूडेंट्स की मुश्किलें बढ़ती हुई दिखाई दे रही है। दरअसल, दोनों देशों में आई खटास के कारण अभिभावकों के साथ-साथ कंसल्टेंट तनाव में आ गए हैं। ऐसे में अगर कनाडा स्टडी वीजा बंद करता है तो कंसल्टेंसी से जुड़े लोगों को काफी नुकसान होगा। बताया जा रहा है कि इसी को देखते हुए कंसल्टेंट कनाडा एजुकेशन फेयर स्थगित करने लगे हैं। मौजूदा हालात में जनवरी 2024 व मई 2024 इनटेक (कनाडा में चार माह के सेमेस्टर को इनटेक कहते हैं) के विद्यार्थियों की मुश्किलें बढ़ने की संभावना है। इन दिनों में विद्यार्थी स्टडी वीजा लगाने के लिए एजुकेशन कंसल्टेंसी के कार्यालय की तरफ रुख करते हैं और कनाडा के कॉलेजों व यूनिवर्सिटीज में दाखिला लेने के लिए कोर्सों का चयन करते हैं।

    वहीं, एजुकेशन कंसल्टेंसी संचालक इन दिनों में एजुकेशन फेयर लगाकर विद्यार्थियों को कॉलेजों व यूनिवर्सिटीज की ओर से दी जाने वाली स्कॉलरशिप व विभिन्न एकेडमिक सुविधाओं के बारे में बताते हैं। इसी फेयर के दौरान विद्यार्थियों को कॉलेजों व यूनिवर्सिटी के दाखिले का ऑफर लेटर दिया जाता है। कनाडा के कॉलेजों व यूनिवर्सिटीज के प्रतिनिधि भी इस फेयर में हिस्सा लेते हैं और विद्यार्थियों को विभिन्न कोर्सों की जानकारी देते हैं। जालंधर में 75 प्रतिशत एजुकेशन कंसल्टेंसी कनाडा स्टडी वीजा का काम करते हैं। इनमें से अधिकतर कंसल्टेंसी ने अक्टूबर के पहले सप्ताह तक कनाडा वीजा फेयर करवाना था। फिलहाल दोनों देशों के रिश्तों को देखते हुए अधिकतर कंसल्टेंसी ने एजुकेशन फेयर को स्थगित करते हुए अक्टूबर के अंतिम सप्ताह में करवाने का फैसला लिया है।

    उनको उम्मीद है कि आने वाले दिनों में दोनों देशों के रिश्ते सुधर जाएंगे। बता दें कि दोआबा रीजन से हर वर्ष 30 हजार से अधिक विद्यार्थी पढ़ने के लिए कनाडा जाते हैं। कनाडा स्टडी वीजा का काम करने वाले कंसल्टेंसी एजुकेशन फेयर करवाने या न करवाने को लेकर दुविधा में हैं। दोनों देशों के रिश्ते आने वाले दिनों में बिगड़ते हैं तो स्टडी वीजा पर असर पड़ेगा। फिलहाल अभिभावकों की चिंता बढ़ी हुई है। जनवरी व मई इनटेक के लिए विद्यार्थियों ने आवेदन करना शुरू कर दिया था। अब विद्यार्थी के पारिवारिक सदस्य इस दुविधा में हैं कि स्टडी वीजा के लिए आवेदन करें या न करें। लोग इस दुविधा को दूर करने के लिए कंसल्टेंट से लगातार संपर्क कर रहे हैं।

  • RBI ने जारी की डेडलाइन, नोट हो जाएंगे रद्दी

    RBI ने जारी की डेडलाइन, नोट हो जाएंगे रद्दी

    नई दिल्ली : सितंबर का महीना खत्म होने में केवल 7 दिन बचे हुए हैं और इसी समय आपको अपने जरूरी कामों को पूरा करना है। इनमें से एक सबसे जरूरी काम है 2 हजार रुपये के नोट को वापस करना है। अगर आपके पास भी 2 हजार हजार के गुलाबी नोट हैं तो उन्हें 30 सितंबर तक बैंकों में जमा कर दे। बता दें 30 सितंबर को नोटों को वापस करने की आखिरी तारीख है। आरबीआई ने गुलाबी नोटों को वापस करने की जो डेडलाइन रखी है जो बेहद करीब आ रही है। मिली जानकारी के मुताबिक कंपनियों ने इन नोटों के लेन-देन को बंद कर दिया है।

    आरबीआई ने 19 मई को ही 2 हजार के नोटों को सर्कुलेशन से बाहर कर दिया था। बैंक के जरिए इन नोट को वापस करने की आखिरी तारीख 30 सितंबर को रखा गया था। बता दें कि 93 फीसदी नोट को 31 अगस्त 2023 तक आरबीआई के पास वापस आ चुके थे, लेकिन अभी भी 7 फीसदी नोट मार्केट में है। इन 7 फीसदी नोट को लोग बैंक में जमा करने के बजाए ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर कैश ऑन डिलीवरी या किसी दुकानों पर चलाने की कोशिश कर रहे हैं। आपको बता दें कि जब आरबीआई ने 19 मई को नोट को वापस करने की घोषणा की थी

    उसी समय महज 20 दिनों के अंदर 50 फीसदी नोट को वापस कर दिया गया था। सितंबर महीने में आरबीआई ने डाटा जारी किया है जिसके अनुसार 31 अगस्त तक 93 फीसदी नोट बैंक में वापस किए है। वहीं इन दिनों बैंक हॉलिडे भी है, जो रुपये लौटाने में परेशानी खड़ी कर सकती है। इन हॉलिडे के दौरान बैंक के अन्य कामों के साथ 2000 के नोट को वापस करने वालों के लिए बाधित रहेगी। 23 और 24 को चौथे शनिवार और रविवार का अवकाश रहेगा.

  • भारी बारिश से आई बाढ़, 25 लोगों का रेस्क्यू, स्कूल कॉलेज बंद, देखें वीडियो 

    भारी बारिश से आई बाढ़, 25 लोगों का रेस्क्यू, स्कूल कॉलेज बंद, देखें वीडियो 

    नागपुरः महाराष्ट्र के नागपुर में भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। शुक्रवार रात हुई तेज बारिश के कारण शहर के कई हिस्सों में पानी भर गया। सड़कों, कॉलोनियों में पानी जमा हो गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, बाढ़ में फंसे करीब 25 लोगों का रेस्क्यू किया गया है। इलाके में एनडीआरएफ की टीम तैनात की गई है, जो राहत बचाव कार्य चला रहा है। वहीं, एहतियातन आज स्कूल-कॉलेजों को बंद कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि नासिक में भी गोदावरी नदी उफान पर है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, नागपुर शहर में बीती रात करीब 106 मिमी बारिश दर्ज की गई। भारी बारिश के कारण शहर के नागलवाड़ी, अंबाझरी कॉर्पोरेशन कॉलोनी के कई घरों में पानी घुस गया। मौसम विभाग ने पहले ही नागपुर में ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया था।

    मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, शुक्रवार को पूरे दिन नागपुर में बारिश होती रही। हालांकि, शाम के बाद जैसे ही बारिश की तीव्रता बढ़ी, अंबाझरी झील ओवरफ्लो हो गई। सोशल मीडिया पर वायरल कुछ फोटोज और वीडियो में कई गाड़ियां पानी में डूबी दिखीं। बारिश के कारण कई इलाकों में पानी के भरने के बाद जिला प्रशासन ने तुरंत काम राहत बचाव कार्य शुरू कर दिया। एनडीआरएफ की एक यूनिट और एसडीआरएफ की दो यूनिट को तैनात किया गया है। उपमुख्यमंत्री देवेन्द्र फड़णवीस ने इस संबंध में आवश्यक उपाय योजना बनाने के निर्देश भी दिए हैं।

    भारी बारिश के कारण नागपुर में स्कूलों में छुट्टी की घोषणा कर दी गई है। नगर पालिका की ओर से नागरिकों को घर से बाहर न निकलने की हिदायत दी गई है। पालिका की ओर से कहा गया है कि नदी नालों में पानी बढ़ रहा है। ऐसे में घरों से बाहर निकलना ठीक नहीं है। उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस ने कहा कि कलेक्टर ने मुझे बताया कि केवल 4 घंटे में 100 मिमी से अधिक बारिश हुई। नागपुर कलेक्टर, नगर निगम कमिश्नर मौके पर पहुंच गए हैं। निचले इलाकों में फंसे लोगों की सबसे पहले मदद की जा रही है। बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ की एक टीम और एसडीआरएफ की दो टीमें तैनात की गई हैं। उन्होंने ये भी कहा कि वे प्रशासन से लगातार संपर्क में हैं और हालात पर नजर बनाये हुए हैं।

  • जालंधरः राज्य-केंद्र की एजेंसियों का एक्शन, आतंकी निज्जर के घर पर लगाया नोटिस, देखें वीडियो 

    जालंधरः राज्य-केंद्र की एजेंसियों का एक्शन, आतंकी निज्जर के घर पर लगाया नोटिस, देखें वीडियो 

    जालंधर, ENS : भारत में मोस्ट वांटेड गैंगस्टरों-आतंकियों को लेकर राज्य और केंद्रीय एजेंसियों ने एक्शन शुरू कर दिया है। इसी के चलते मीटिंग के एक दिन बाद ही एजेंसियों ने संपत्तियों को सील करने की शुरुआत कनाडा में मारे गए भारत के 10 लाख के इनामी खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर के जालंधर के गांव भारसिंहपुरा (फिल्लौर) से की है। निज्जर के तालाबंद घर के बाहर नोटिस चिपका दिया गया है। वहीं केमिस्ट्री ग्रुप प्रोफेसर मनदीप सिंह ने कहा कि दोनों देशों को मिलकर इस विवाद को समाप्त कर देना चाहिए क्योंकि इससे दोनों देशों का नुकसान हो सकता है और यह भी कहा कि सबसे ज्यादा पंजाब के लोगों की संख्या कनाडा में ज्यादा है। केमिस्ट्री गुरु मनदीप सिंह ने कहा की कुछ साल पहले वहां सिखों की संख्या डेढ़ लाख थी जो अब बढ़कर 11 से 12 लाख हो गई है।शुरुवात देश की राष्ट्रीय एजेंसी एनआईए ने हरदीप सिंह निज्जर पर देश के खिलाफ अपराधिक गतिविधियों की  साजिश को लेकर की थी,जिसको साबित करना पहले चाहिए था तो इंटरनेशनल लॉ के हिसाब से चलना चाहिए था।

    केमिस्ट्री गुरु ने कनाडा का प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो को कोसा और कहा कि हमारे देश में उनके मेहमान नवाजी की गई और उनका जहाज खराब होने पर हमारा देश द्वारा उनको अपने जहाज पर उनके देश छोड़ने की मेहमान नवाजी की गई। कनाडा जाकर जस्टिन ट्रूडो ने गलत बयान दिया है। उन्होंने कहा कुछ वोटो की खातिर ऐसी बात नहीं करनी चाहिए थी। केमिस्ट्री गुरु ने कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूटों के बारे में कहा कि वोट बैंक में फंसने से उनको क्या मिला और शाम अपना बयान बदलना पड़ा। जस्टिन ट्रूडो को पता है कि वह कनाडा में फेल हो रहे हैं और इसी कारण वह ऐसा कुछ कर रहे हैं। उनके मुताबिक कनाडा में हमारे बच्चे ज्यादा हैं और बच्चे क्या सोचते हैं और उनके मां-बाप क्या सोचते हैं इसके बारे में दोनों देशों को जरूर सोचना चाहिए क्योंकि दोनों देश अपनी अपनी एडवाइजरी जारी कर रहे हैं। दोनों सरकारों को बच्चों के लिए जल्द से जल्द कुछ करना चाहिए टिट फॉर टैट की पॉलिसी नहीं चलेगी।

    कनाडा के प्रधानमंत्री जो सेंटरुड़ों को लेकर कहा कि यहां से हमारे कई बच्चे कनाडा में जाते हैं और कर्ज लेकर बच्चों के मां-बाप उन्हें वहां भेजते हैं। ऐसे में गलत बयान बाजी करना किसी को भी शोभा नहीं देता और फिरकू वादी बयान नहीं देने चाहिए।80 से 90% लोगों को फिरकू वादी बयान से कोई लेना देना नहीं है। खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर के घर पर लगे जांच एजेंसी के नोटिस को लेकर कहा कि एनआईऐ एजेंसी मामले की जांच करना अलग विषय है। हरदीप सिंह नेचर द्वारा देश के खिलाफ साजिश रची गई या नहीं इसका जांच एजेंसी करनी चाहिए। लेकिन बच्चों को उससे कोई लेना-देना नहीं है। यहां से जाने वाले बच्चे कनाडा में अपना भविष्य बनाने गए हैं और यह कहना कि वहां हमला हो सकता है या यहां हमला हो सकता है यह एक डिप्लोमेटिक राजनीति है। दोनों सरकारों और दोनों कर देश की एंबेसी को इस हालत को सुधारना चाहिए ताकि हमारे बच्चों का भविष्य अच्छा बन सके। केमिस्ट्री गुरु ने कहा कि वह यह मानते हैं कि आई एस आई पाकिस्तानी का खालिस्तान संगठन से कनेक्शन है और फंडिंग के जरिए गलत काम करने को परमोक करता है। पंजाब को कनाडा से दूर कभी नहीं किया जा सकता और 1800 सो सिखों ने अपनी जान देश पर निछावर की है।वही हमारे बड़े पूर्वजों ने भारत देश के लिए अपनी कुर्बानियां दी है।

    बता दें कि कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के सरी में एक गुरुद्वारे के बाहर 45 वर्षीय हरदीप सिंह निज्जर की इसी साल 18 जून को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। निज्जर की हत्या को लेकर भारत और कनाडा के बीच काफी विवाद चल रहा है। हरदीप सिंह निज्जर पंजाब में जालंधर जिले के भारसिंहपुरा गांव का रहने वाला था। शुरू से गर्मख्याली सोच रखने वाला निज्जर 1992 में कनाडा चला गया। उसके बाद वह कभी वापस गांव नहीं आया। तीन साल पहले उसका पूरा परिवार भी कनाडा में सैटल हो गया। कनाडा में रहते हुए निज्जर प्रतिबंधित खालिस्तान समर्थक संगठन सिख फॉर जस्टिस (SFJ) के प्रमुख गुरपतवंत सिंह पन्नू के करीब आया।

    पन्नू और निज्जर की निकटता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि निज्जर की हत्या के बाद से ही पन्नू तिलमिलाया हुआ है और कनाडा में भारत के खिलाफ और खालिस्तान के समर्थन में जनमत संग्रह करवाने का दावा कर रहा है। NIA ने 31 जनवरी, 2021 को पंजाब के जालंधर में हिंदू पुजारी कमलदीप शर्मा की हत्या से जुड़े केस में निज्जर समेत चार लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी। चार्जशीट किए गए तीन अन्य लोगों में कमलजीत शर्मा और राम सिंह शामिल हैं, जिन्होंने निज्जर व उसके सहयोगी अर्शदीप सिंह उर्फ प्रभा के निर्देश पर पुजारी को गोलियां मारी गई थी। इस हत्याकांड के जरिए निज्जर पंजाब का माहौल खराब करने की फिराक में था। हरदीप सिंह निज्जर खालिस्तान टाइगर फोर्स (KTF) का प्रमुख था। भारत की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने हाल में 40 मोस्ट वांटेड आतंकियों की जो लिस्ट जारी की थी, उसमें निज्जर का नाम था। कनाडा के ब्रैंपटन शहर में खालिस्तान के हक में रेफरेंडम करवाने में उसकी भूमिका थी।

    पंजाब में हिंसा और क्राइम से जुड़े कई केसों में निज्जर और उसके संगठन का नाम सामने आया था। इसके बाद ही उसे वांटेड टेररिस्ट की लिस्ट में डाला गया। KTF चीफ हरदीप सिंह निज्जर पिछले कई बरसों से कनाडा में बैठकर ही अपने आतंकी संगठन KTF को ऑपरेट कर रहा था। सितंबर-2020 में केंद्रीय गृह मंत्रालय ने निज्जर को आतंकी घोषित कर दिया। इसके बाद निज्जर की जालंधर के भारसिंहपुरा गांव की प्रॉपर्टी भी कुर्क कर ली गई। NIA निज्जर पर 10 लाख रुपए का इनाम घोषित कर चुकी थी। मोहाली स्थित पंजाब पुलिस के इंटेलिजेंस हेडक्वार्टर और कई थानों पर ग्रेनेड अटैक करवाने वाला अर्शदीप डल्ला भी निज्जर का सहयोगी है। डल्ला भी विदेश में बैठा है।