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  • रामगढ़ वन रेंज में खैर कटान पर अस्थायी रोक, वन विभाग ने बताया आवश्यक कदम

    रामगढ़ वन रेंज में खैर कटान पर अस्थायी रोक, वन विभाग ने बताया आवश्यक कदम

    ऊना/सुशील पंडित: जिला ऊना के रामगढ़ वन रेंज में खैर के पेड़ों के कटान पर लगाई गई अस्थायी रोक को लेकर वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह निर्णय पूरी तरह नियमों और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।जिला वनमण्डलाधिकारी सुशील राणा ने बताया कि रामगढ़ रेंज में स्टाफ की भारी कमी के चलते निगरानी व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। वर्तमान में तीन बीटों पर मात्र एक ही वन रक्षक तैनात है, जिससे कटान प्रक्रिया की प्रभावी मॉनिटरिंग संभव नहीं हो पा रही थी। ऐसे में किसी भी प्रकार की अनियमितता या अवैध कटान की आशंका को देखते हुए एहतियातन यह कदम उठाया गया है।

    उन्होंने कहा कि विभाग को कुछ गुप्त सूचनाएं भी प्राप्त हुई थीं, जिनके आधार पर जांच और सत्यापन आवश्यक हो गया था। पर्यावरण संरक्षण विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है और खैर जैसे बहुमूल्य वृक्षों की सुरक्षा सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है। वनमण्डलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि यह रोक स्थायी नहीं है, बल्कि स्थिति सामान्य होने और पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध होने तक अस्थायी व्यवस्था है। यदि किसान और ठेकेदार विभाग के नियमों का पूर्ण पालन करते हुए सहयोग करेंगे, तो नियमानुसार कटान की अनुमति देने में विभाग को कोई आपत्ति नहीं होगी।

    उन्होंने किसानों से अपील की है कि वे धैर्य बनाए रखें और विभाग के साथ समन्वय बनाकर कार्य करें, ताकि पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय लोगों की आजीविका—दोनों के बीच संतुलन कायम रखा जा सके। वन विभाग ने भरोसा दिलाया है कि जैसे ही निगरानी व्यवस्था सुदृढ़ होगी और सभी औपचारिकताएं पूरी होंगी, कटान प्रक्रिया को पुनः सुचारु रूप से आरंभ करने पर विचार किया जाएगा।

    डिपो खाली करने के आदेश

    रामगढ़ धार फॉरेस्ट रेंज में लकड़ी भंडारण स्थलों (डिपो) को खाली करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। डीएफओ कार्यालय की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार कार्य कर रहे सभी ठेकेदारों को 3 मार्च तक अपने अस्थायी डिपो खाली करने को कहा गया है। विभाग द्वारा लिए गए इस निर्णय के बाद 10 वर्षीय खैर कटान कार्यक्रम पर भी तत्काल प्रभाव से विराम लग गया है। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि विभाग को लंबे समय से विभिन्न स्तरों पर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा था।

    अचानक लिए गए इस फैसले से यह चर्चा भी तेज हो गई है कि क्या केवल कार्यभार का दबाव कारण है या इसके पीछे अन्य प्रशासनिक और संरक्षण से जुड़े मुद्दे भी हैं।फिलहाल विभाग के इस निर्णय से संबंधित ठेकेदारों में चिंता और रोष देखा जा रहा है, जबकि वन संरक्षण के दृष्टिकोण से इसे सख्त लेकिन आवश्यक कदम माना जा रहा है।

  • Middle East में बिगड़ते हालातों में फंसी Esha Gupta, UAE सरकार का किया धन्यवाद

    Middle East में बिगड़ते हालातों में फंसी Esha Gupta, UAE सरकार का किया धन्यवाद

    मनोरंजन: पूरी दुनिया में इस समय खौफ का मंजर चल रहा है। इस खौफ का कारण है मिडिल ईस्ट में चल रहा घमासान युद्ध। अमेरिका-इजरायल ने मिलकर ईरान पर हमला किया है जिसके बाद ईरान ने मिसाइलों और ड्रोन्स से मिडिल ईस्ट के लगभग हर बड़े शहर पर हमला किया है। इस कारण से वहां पर कई भारतीय फंसे हुए हैं। वह जल्द ही घर वापिस आना चाहते हैं। कई सारे बॉलीवुड सेलेब्स भी इस समय यूएई में हैं जो सोशल मीडिया के जरिए अपडेट दे रहे हैं।

    ईशा गुप्ता जाना चाहती हैं घर

    सोनल चौहान, तमिल स्टार अजित कुमार, ईशा गुप्ता समेत कई सितारे यूएई में फंसे हुए हैं। वो अपने घर भारत में वापिस आना चाहते हैं परंतु फ्लाइट्स न चलने के कारण से उन्हें जंग के बीच में ही रहना पड़ रहा है। ऐसे में फैंस उनके लिए काफी चिंतित हैं परंतु सोनल और ईशा लगातार सोशल मीडिया के जरिए ये बता रही हैं कि वो सुरक्षित हैं। लोकल ऑफिशियल्स के कारण उनके जैसे हजारों लोग फंसे हुए हैं जिनकी लोग लगातार मदद कर रहे हैं। ईशा ने 1 मार्च को अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर यूएई सरकार का धन्यवाद करते हुए लिखा कि – ‘यूएई सरकार ने कमाल किया है। एयरपोर्ट पर फंसे हुए इंसान की पूरी तरह देखभाल की खाना देने से लेकर एयरपोर्ट से होटल तक ट्रांसफर और होटल में ठहरने की व्यवस्था तक। अबु धाबी में हालातों को कितनी अच्छे से संभाला गया है। ये दिखाता है कि देश कितना ताकतवर है और कितनी शांति से सबको सुरक्षित रखा जा रहा है। खास तारीफ यूएई की मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस की फिर से सभी से कहूंगी कि मुझे माफ करना यहां हालात अच्छे नहीं हैं। कॉल या मैसेज न उठा पाने के लिए सॉरी बस जल्दी से घर वापिस उड़कर जाना चाहती हूं’।

    सोनल चौहान भी पहुंची सुरक्षित

    ईशा गुप्ता के अलावा सोनल चौहान ने भी अपनी सुरक्षित होने की जानकारी दी थी। पीएम मोदी को ट्वीट करने के बाद उन्हें कई सारे कॉल्स और मैसेज आए जिस पर उन्होंने कहा कि वो सुरक्षित हैं कि मगर इंडिया जल्दी वापिस जाना चाहती हैं हालांकि फ्लाइट्स कब वापिस उड़ना शुरु होगी और सब कुछ दोबारा नॉर्मल होगा ये फिलहाल कोई नहीं जानता। अमेरिका इजरायल के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत हो गई थी। इस खबर के बाद भारत समेत हर ओर एक जैसे शोक की लहर सी दौड़ गई थी परंतु बॉलीवुड में काम कर रही ईरानी एक्ट्रेस एलनाज नोरौजी इसे खुश दिखी हालांकि उसके कारण उन्हें ट्रोलिंग का सामना भी करना पड़ रहा है।
  • कुरियाला क्रिकेट कप का फाइनल संपन्न, पूर्व विधायक भुट्टो रहे मुख्यतिथि 

    कुरियाला क्रिकेट कप का फाइनल संपन्न, पूर्व विधायक भुट्टो रहे मुख्यतिथि 

    बोले शरीर फिट तो जीवन हिट इसलिए खेलों को चुने,भाजपा सरकार बनने पर कुरियाला में बनेगा एक करोड़ का इंडोर स्टेडियम: भुट्टो

    ऊना/सुशील पंडित:कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र में आयोजित कुरियाला क्रिकेट कप का फाइनल मुकाबला उत्साह और खेल भावना के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर कुटलैहड़ भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक दविंदर भुट्टो ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की और खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। इस क्रिकेट के फाइनल मुकाबले में क्षेत्र के सैकड़ों खेल प्रेमियों ने भाग लिया और खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया।

    भुट्टो ने विजेता और उपविजेता टीमों को सम्मानित करते हुए खेलों को जीवन का अभिन्न हिस्सा बताया। अपने संबोधन में दविंदर भुट्टो ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि  प्रदेश में भाजपा सरकार बनते ही कुटलैहड़ के गांव कुरियाला ग्राउंड में एक करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक इंडोर स्टेडियम का निर्माण करवाया जाएगा।

    उन्होंने कहा कि कुटलैहड़ क्षेत्र में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, जरूरत है  केवल बेहतर सुविधाओं और मार्गदर्शन की। उन्होंने कहा कि इंडोर स्टेडियम बनने से युवाओं को वर्षभर अभ्यास का अवसर मिलेगा और वे राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए बेहतर तैयारी कर सकेंगे।

    उन्होंने कहा कि खेल ढांचा मजबूत होने से ग्रामीण क्षेत्र के खिलाड़ी भी बड़े मंच तक पहुंच सकते हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे राजनीति से ऊपर उठकर खेलों को बढ़ावा दें। उन्होंने कहा कि खेल मैदान में किसी प्रकार का राजनीतिक द्वेष नहीं होना चाहिए। खिलाड़ी केवल अपनी प्रतिभा और प्रदर्शन पर ध्यान दें। उन्होंने कहा कि जब शरीर फिट रहेगा तो जीवन हिट रहेगा। खेल न केवल शारीरिक मजबूती देते हैं, बल्कि मानसिक संतुलन और अनुशासन भी सिखाते हैं। खेलों के माध्यम से युवा नशे जैसी बुराइयों से दूर रह सकते हैं और सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ सकते हैं।

    भाजपा नेता ने आयोजक समिति को 15 हजार रुपये की आर्थिक सहायता भी प्रदान की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन ग्रामीण क्षेत्रों में खेल संस्कृति को मजबूत करते हैं और युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर हैं, कार्यक्रम के अंत में विजेता टीम को ट्रॉफी और नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस मौके पर मंडल अध्यक्ष राजेंद्र मलांगड़ उपप्रधान जीवन शर्मा, अश्वनी शर्मा,अभिषेक, रंजीत सिंह के अलावा बड़ी संख्या में गणमान्य मौजूद रहे।

    कुरियाल क्रिकेट प्रतियोगता में सेमीफाइनल में ऊना बनाम कुरियाल और टाहलीवाल और त्याडा में जोरदार भिड़ंत हुई। जिसमें टाहलीवाल ओर ऊना वार्ड नंबर दो फाइनल में पहुंची। जिसमें ऊना नंबर दो क्रिकेट टीम ने फाइनल में 62 रनों से सुंदर जीत दर्ज करके खिताब अपने नाम किया। वही मुख्यतिथि दविंदर कुमार भुट्टो के कर कमलों द्वारा विजेता टीम 25 हजार और ट्रॉफी उपविजेता को 15 हजार और ट्रॉफी से सम्मानित करवाया गया।

  • जन शताब्दी एक्सप्रेस के डिब्बे गन्दे, खिड़कियों पर जमी धूल

    जन शताब्दी एक्सप्रेस के डिब्बे गन्दे, खिड़कियों पर जमी धूल

    ऊना/सुशील पंडित: राजधानी नई दिल्ली और जिला ऊना के बीच प्रतिदिन चलने वाली 12057/58 जन शताब्दी एक्सप्रेस यात्रियों के बीच व्यापक असंतोष का विषय बन चुकी है। इस प्रतिष्ठित जन शताब्दी एक्सप्रेस के डिब्बे अत्यंत गंदे पाए जा रहे हैं। कोचों के फर्श, सीटें तथा विशेष रूप से खिड़कियों पर मोटी परत की धूल जमी हुई है, जिससे यात्रा के दौरान दृश्यता प्रभावित हो रही है तथा सफाई का अभाव साफ दिखाई दे रहा है।

    यह ट्रेन, जो नई दिल्ली से चंडीगढ़, मोहाली, रूपनगर, ऊना होते हुए दौलतपुर चौक तक चलती है, प्रतिदिन सैकड़ों यात्रियों को सेवा प्रदान करती है। जन शताब्दी होने के नाते यह ट्रेन अपेक्षाकृत बेहतर श्रेणी की मानी जाती है, लेकिन कोचों की सफाई एवं रखरखाव में लापरवाही यात्रियों के साथ अन्याय के समान है। धूल से भरी खिड़कियां न केवल यात्रा के आनंद को कम करती हैं, बल्कि स्वास्थ्य के लिहाज से भी चिंता का विषय हैं, खासकर एलर्जी एवं श्वसन संबंधी समस्याओं वाले यात्रियों के लिए।

    कई यात्रियों ने सोशल मीडिया एवं अन्य माध्यमों से इस समस्या को उजागर किया है तथा भारतीय रेलवे से तत्काल सफाई अभियान एवं नियमित रखरखाव की मांग की है। यात्रियों की अपेक्षा है कि रेलवे प्रशासन इस महत्वपूर्ण जन शताब्दी एक्सप्रेस के कोचों की सफाई को प्राथमिकता दें, ताकि यात्रा सुरक्षित, स्वच्छ एवं आरामदायक बनी रहे।

  • Punjab News: युवक से मारपीट और धमकियां मिलने को लेकर दी पुलिस को चेतावनी, देखें वीडियो

    Punjab News: युवक से मारपीट और धमकियां मिलने को लेकर दी पुलिस को चेतावनी, देखें वीडियो

    अमृतसरः हल्का राजासांसी के गांव मटिया में गांव की गलियों में खड़े पानी का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा करना युवक को महंगा पड़ गया। वीडियो वायरल होने के बाद, गांव के ही कुछ लोगों ने उससे पकड़कर मारपीट की और जान से मारने की धमकियां दीं। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया है। पीड़ित युवक ने पुलिस प्रशासन से इंसाफ की गुहार लगाई है।

    घटना की जानकारी देते हुए पीड़ित युवक जतिंदर सिंह बंटी ने कहा कि उसने गांव की एक गली में खड़ा गंदा पानी का वीडियो बनाया था, जो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद गांव के ही कुछ युवकों ने उससे बेहरमी से मारपीट की और उसे जान से मारने की धमकियां दीं कि उसने वीडियो क्यों बनाया। पीड़ित युवा और उसके साथियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द न्याय नहीं मिला, तो वे अजनाला थाना के बाहर धरना देंगे और अपना विरोध दर्ज कराएंगे। उनका कहना है कि मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

    दूसरी ओर, पुलिस अधिकारी बलदेव राज का कहना है कि मामले की जांच जारी है और सबूतों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। जांच अधिकारी ने कहा कि राजनीतिक दखलअंदाजी के आरोप अक्सर लगे हैं, लेकिन कानून सभी के लिए समान है और जो भी दोषी पाया गया, उसके खिलाफ कार्रवाई ज़रूर की जाएगी।

     

     

  • संवैधानिक अधिकारों व कल्याणकारी योजनाओं की मिलेगी विस्तृत जानकारी

    संवैधानिक अधिकारों व कल्याणकारी योजनाओं की मिलेगी विस्तृत जानकारी

    ऊना/सुशील पंडित: हिमाचल प्रदेश राज्य अनुसूचित जाति आयोग 5 मार्च को ऊना जिले के कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र के समूरकलां में एक विशाल जन-जागरूकता शिविर आयोजित करेगा। आयोग के अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री कुलदीप कुमार धीमान ने बताया कि इस शिविर का मुख्य उद्देश्य अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को उनके संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा सरकार द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराना है।
    यह शिविर 5 मार्च को प्रातः 10 बजे से समूरकलां स्थित लता मंगेशकर कला केंद्र के सामने स्थित मंदिर मैदान में आयोजित किया जाएगा।

    कुलदीप धीमान ने सोमवार को आयोग कार्यालय में ऊना एवं बंगाणा उपमंडलों के अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में आयोग के सदस्य अधिवक्ता विजय डोगरा, अधिवक्ता दिग्विजय मल्होत्रा एवं अधिवक्ता शालिनी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। श्री धीमान ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं, लेकिन जागरूकता के अभाव में पात्र व्यक्ति इनका पूर्ण लाभ नहीं ले पाते। आयोग का प्रयास है कि अधिकारों और योजनाओं की जानकारी समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे तथा लाभ प्राप्त करने की प्रक्रियाओं को सरल, स्पष्ट और सुगम बनाया जाए।

    उन्होंने बताया कि आयोग प्रदेशभर में चरणबद्ध तरीके से ऐसे जन-जागरूकता शिविर आयोजित करेगा तथा समूरकलां में आयोजित यह शिविर इसी व्यापक अभियान की शुरुआत है। शिविर में लोगों को उनके संवैधानिक अधिकारों एवं विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान करने के साथ-साथ योजनाओं का लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया संबंधी आवश्यक मार्गदर्शन भी मौके पर ही दिया जाएगा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को शिविर के सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए।

    इस अवसर पर श्री धीमान ने मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी दूरदर्शी सोच के कारण आयोग का राज्य स्तरीय कार्यालय ऊना जिले को प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि आयोग के सशक्त संचालन से अनुसूचित जाति समुदाय के अधिकारों की रक्षा और कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को नई गति मिली है। आयोग एससी समुदाय के हितों की रक्षा तथा प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।

    आयोग अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री श्री धीमान ने पंचायत प्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों तथा अनुसूचित जाति समुदाय के लोगों से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में शिविर में भाग लेकर अपने अधिकारों एवं योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें।बैठक में सहायक आयुक्त एवं आयोग के कार्यकारी सदस्य सचिव वरिंद्र शर्मा, एसडीएम ऊना अभिषेक मित्तल, एसडीएम बंगाणा सोनू गोयल, डीएसपी मुख्यालय अजय ठाकुर, जिला कल्याण अधिकारी आवास पंडित, बीडीओ ऊना रमनवीर चौहान तथा बीडीओ बंगाणा के.एल. वर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

     

  • Dubai में फंसा Singer Ammy Virk का परिवार, बेटी बोली- ‘पापा अगर कुछ हुआ तो…’

    Dubai में फंसा Singer Ammy Virk का परिवार, बेटी बोली- ‘पापा अगर कुछ हुआ तो…’

    चंडीगढ़ः अमेरिका और इजरायल की तरफ से लगातार ईरान पर हमला किए जा रहे है, वहीं ईरान भी दोनों देशों पर पलटवार कर रहा है। इसी के कारण मिडिल देशों में तनाव की स्थिति बनी हुई है। खासतौर पर संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में इसका काफी असर देखने को मिल रहा है। पंजाबी गायक का परिवार भी यूएई में फंसा हुआ है। दरअसल, एम्मी की पत्नी और 6 साल की बेटी मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच दुबई में फंसी हुई हैं। सोशल मीडिया पर एम्मी विर्क ने इसकी जानकारी दी है और अपनी बेटी का मैसेज साझा किया है।
     
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    अपनी चिंता बताते हुए, ‘किस्मत’ एक्टर ने अपने ऑफिशियल इंस्टा हैंडल पर लिखा, “UAE के हालात मेरे दिल पर भारी पड़ रहे हैं। मेरी पत्नी और मेरी 6 साल की बेटी वहीं हैं और एक पति और पिता के तौर पर ऐसे समय में इमोशनल और टेंशन में न रहना, नामुमकिन है।” इस मुश्किल समय में हिम्मत दिखाते हुए उनकी छोटी बेटी ने जो कहा उसे उन्होंने शेयर किया। उन्होंने कहा, “पापा अगर कुछ हुआ तो मैं अपने बिस्तर के नीचे छिप जाऊंगी। मैं एक मजबूत बच्ची हूं। पापा चिंता मत करो।” यह एक पिता नहीं सुनना चाहता। हर न्यूज़ अपडेट पर्सनल लगता है। हम पब्लिक लाइफ में कितने भी मजबूत बनने की कोशिश करें, आखिर में हम परिवार के लोग ही हैं।” एमी विर्क ने आगे UAE सरकार और अधिकारियों का लोगों की सुरक्षा पक्का करने के लिए शुक्रिया अदा किया। इलाके में फंसे सभी लोगों की सुरक्षा के लिए प्रार्थना करते हुए एक्टर ने उम्मीद जताई कि यह दौर भी जल्द ही खत्म हो जाएगा। पोस्ट के आखिर में उन्होंने कहा, “साथ ही मुझे पता है कि और बहुत से परिवार इसी डर और चिंता से गुज़र रहे हैं। मेरी प्रार्थनाएं सिर्फ़ मेरे अपनों के लिए नहीं हैं, बल्कि हर उस इंसान के लिए हैं जो इससे प्रभावित हुआ है. मैं UAE अधिकारियों और UAE सरकार की कोशिशों को भी मानना ​​और उनकी तारीफ करना चाहता हूं. मुझे जो बताया जा रहा है, उसके हिसाब से वे इस समय लोगों को सुरक्षित और सपोर्टेड रखने के लिए बहुत मेहनत कर रहे हैं. इसके लिए मैं सच में उनका शुक्रगुजार हूं। आइए, वहां शांति, स्थिरता और सभी की भलाई के लिए प्रार्थना करते रहें. यह दौर जल्द ही गुजर जाए, और सभी परिवार सुरक्षित महसूस करें।” सिर्फ एम्मी विर्क ही नहीं बल्कि अजित कुमार, विष्णु मांचू, सोनल चौहान और नरगिस फाकरी जैसे कई सेलेब्स दुबई में फंसे हुए हैं।  
  • Punjab News: क्या राजनीति छोड़ देंगी Navjot Kaur, आया बड़ा बयान, देखें वीडियो

    Punjab News: क्या राजनीति छोड़ देंगी Navjot Kaur, आया बड़ा बयान, देखें वीडियो

    अमृतसरः पंजाब कांग्रेस के पूर्व प्रधान व पूर्व क्रिकेटर नवजोत सिद्धू की पत्नी डॉ. नवजोत कौर सिद्धू आए दिन बयानों को लेकर अक्सर सुर्खियों में चल रही है। वहीं अब नवजोत कौर संत रामपाल के आश्रम में आयोजित एक कार्यक्रम पहुंची, जहां उन्होंने मीडिया से बात की। इस दौरान नवजोत कौर सिद्धू ने राजनीति छोड़कर संतों की सेवा में शामिल होने की बात कही है। उन्होंने कहा कि मैं राजनीति खत्म कर संतों की सेवा करने की सोच रही हूं। आजकल के राजनीतिक लोग अपनी पहचान भूल चुके हैं।

    कार्यक्रम में 7 लड़कियों के दहेज रहित विवाह पर उन्हें बधाई देते हुए नवजोत कौर सिद्धू ने सादगीपूर्ण विवाह की परंपरा को सराहनीय बताया। डॉ. नवजोत ने कहा कि उनका अपना विवाह भी बिना दहेज और सादगी से हुआ था। उनके बच्चों के विवाह भी इसी परंपरा के अनुसार संपन्न हुए हैं। उन्होंने कहा कि समाज में दहेज प्रथा जैसी कुरीतियों को खत्म करने के लिए ऐसे प्रयास बेहद जरूरी हैं। नवजोत कौर सिद्धू ने कहा कि उनके अनुसार कन्यादान सबसे बड़ी सेवा है।

    उन्होंने कहा कि राजनीति अब पहले जैसी नहीं रही और कई लोग अपनी मूल पहचान और सिद्धांतों को भूल चुके हैं। ऐसे में वह भक्ति और संतों की संगति में समय बिताने पर अधिक ध्यान दे रही हैं। उन्होंने बताया कि बचपन में वह तीन-चार वर्षों तक संतों की संगति में रहीं, जिससे उन्हें जीवन में सेवा और समर्पण की प्रेरणा मिली। उन्होंने कहा कि चिकित्सा और राजनीतिक जीवन में भी उन्होंने संतों से मिली प्रेरणा के आधार पर ही कार्य किया। कैंसर से जंग जीतने का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि यह उनके लिए एक नया जीवन है।

    उन्होंने इसे ईश्वर की कृपा बताया और कहा कि अब वह आध्यात्मिक मार्ग पर आगे बढ़ना चाहती हैं। इस अवसर पर उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने अपने पति नवजोत सिंह सिद्धू के साथ मिलकर अपने पूरे शरीर का दान करने का संकल्प लिया है, ताकि मृत्यु के बाद उनके अंग जरूरतमंद लोगों के काम आ सकें। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल वह सेवा और भक्ति पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं और इससे अधिक कुछ नहीं कहना चाहतीं।

     

     

  • पंजाब सरकार की ऐतिहासिक पहल, स्थायी Tent City से श्रद्धालुओं को बड़ी सौगात

    पंजाब सरकार की ऐतिहासिक पहल, स्थायी Tent City से श्रद्धालुओं को बड़ी सौगात

    चंडीगढ़: हरजोत सिंह बैंस ने श्री आनंदपुर साहिब में चल रहे होला मोहल्ला के अवसर पर संगत के लिए किए गए व्यापक प्रबंधों की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि यहां भारत की पहली स्थायी एयर-कंडीशंड टेंट सिटी स्थापित की गई है, जो वर्षभर श्रद्धालुओं को सुविधाजनक आवास उपलब्ध कराएगी। पिछले वर्ष अस्थायी व्यवस्था की सफलता के बाद मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देश पर इसे स्थायी रूप दिया गया है, जिससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।

    मंत्री ने कहा कि इस वर्ष ‘ग्रीन होला मोहल्ला’ मनाया जा रहा है। सिंगल-यूज़ प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है और सभी लंगर स्थलों पर बायोडिग्रेडेबल बर्तनों का उपयोग सुनिश्चित किया गया है। लाखों श्रद्धालुओं की आमद को देखते हुए पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता दी गई है। पवित्र नगरी को आकर्षक रोशनी से सजाया गया है तथा प्रमुख ऐतिहासिक स्थलों का भी नवीनीकरण किया गया है।

    उन्होंने बताया कि संगत की सुविधा के लिए 28 पार्किंग जोन, दो ट्रॉली सिटी और ट्रॉली स्ट्रीट बनाई गई हैं। प्रमुख धार्मिक स्थलों तक पहुंच के लिए 100 ई-रिक्शा शटल सेवाएं चलाई जाएंगी। स्वास्थ्य व सुरक्षा के मद्देनजर एंबुलेंस, आम आदमी क्लिनिक, सीसीटीवी निगरानी और एलईडी स्क्रीन की व्यवस्था की गई है, ताकि श्रद्धालुओं को निर्बाध दर्शन और सुरक्षित माहौल मिल सके।

     

     

  • अमेरिका दूतावास पर उग्र भीड़ ने किया हमला, कई लोगों की मौत, बंद किया वीजा का कामकाज, देखें वीडियो

    अमेरिका दूतावास पर उग्र भीड़ ने किया हमला, कई लोगों की मौत, बंद किया वीजा का कामकाज, देखें वीडियो

    कराचीः पाकिस्तान के कराची में अमेरिका दूतावास पर उग्र भीड़ ने हमला कर दिया। दरअसल, ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की इजरायल और अमेरिका के हमलों में मौत के बाद पाकिस्‍तान में हिंसक विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। हिंसक भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस को फायररिंग भी करनी पड़ी, जिसमें 10 लोगों की मौत हो गई. ऐसे में पूरे इलाके की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। वहीं आज पाकिस्तान में अमेरिकी दूतावास में वीजा का काम आज बंद रहेगा। कराची स्थित अमेरिकी कॉन्‍सुलेट पर बीते दिन हुए हमले के बाद ये निर्णय लिया गया है। वहीं पाकिस्तानी आर्मी अमेरिकी सुरक्षाबलों की कार्रवाई को भीड़ के बीच सही ठहरा रही है।

    पाकिस्तान में अमेरिकी दूतावास पर खामेनेई की मौत के बाद प्रदर्शनकारी पहुंचे और तोड़फोड़ की। प्रदर्शनकारियों के पास हथियार थे, उन्होने दूतावास पर फायरिंग की। इसके बाद अमेरिकी जवानों ने भी गोली का जबाब गोली से दिया। दंगाईयों ने दूतावास पर कब्जा करने की कोशिश की। दरअसल, प्रदर्शनकारी वाणिज्य दूतावास की ओर जाने वाली सड़क पर इकट्ठा होने लगे। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक असद रजा ने कहा कि भीड़ के पुलिस पर हमला करने के बाद स्थिति नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे गए। पुलिस ने लाठीचार्ज भी किया। हालांकि, एक प्रदर्शनकारी ने बाद में एक टीवी चैनल से बातचीत में दावा किया कि पुलिस ने उन पर गोली भी चलाई।

    सिविल अस्पताल की प्रवक्ता डा. सुमैय्या सैयद ने बताया कि अब तक 10 शव अस्पताल लाए गए हैं, जिनमें से कुछ पर गोली के घाव हैं। ईरान पर इजरायल और अमेरिका के हमलों के बीच खामेनेई की मौत की खबर के बाद प्रदर्शनकारी अमेरिकी वाणिज्य दूतावास की ओर जाने वाली सड़क पर इकट्ठा होने लगे। सैयद के अनुसार, करीब 30 घायल अस्पताल के ट्रामा सेंटर में उपचाराधीन हैं, जिनमें 4 पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक असद रजा ने कहा कि जब भीड़ ने पुलिस पर हमला किया, तब स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे गए और रबर की गोलियां चलाई गईं। इस दौरान पुलिस ने लाठीचार्ज भी किया।

    एक प्रदर्शनकारी ने बाद में एक टीवी चैनल से बातचीत में दावा किया कि जब प्रदर्शनकारी वाणिज्य दूतावास में घुसने की कोशिश करने लगे तो पुलिस ने गोलीबारी की। सिंध के गृह मंत्री जिया उल हसन लंजार ने कराची के अतिरिक्त पुलिस महानिरीक्षक से तत्काल विवरण मांगा और कहा कि किसी को भी कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी। ईधी वेलफेयर ट्रस्ट के फैसल ईधी ने कहा कि कुछ प्रदर्शनकारी बेहद हिंसक हो गए और उन्होंने उनके स्वयंसेवकों तथा एंबुलेंस पर भी हमला किया। इस बीच, खामेनेई की मौत के बाद इस्लामाबाद और लाहौर में भी विरोध प्रदर्शनों की खबरें हैं।