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  • Punjab News: कार व बाइक में टक्कर, एक की मौत, दूसरा घायल

    Punjab News: कार व बाइक में टक्कर, एक की मौत, दूसरा घायल

    कपूरथला। जिले से एक सड़क हादसे की खबर सामने आई है। जहां, गांव संधू चट्ठा के नजदीक कार व बाइक की आमने-सामने टक्कर हो गई। जिसमें बाइक सवार एक युवक की मौत हो गई, जबकि दूसरा युवक घायल हो गया। हादसे के बाद कार चालक ने राहगीरों की मदद से दोनों घायलों को इलाज के लिए सिविल अस्पताल कपूरथला पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने बाइक चालक को मृत घोषित कर दिया। दूसरे घायल युवक को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई।

    घटना की सूचना मिलते ही थाना सदर पुलिस मौके पर पहुंची और मृतक के शव को कब्जे में लेकर सिविल अस्पताल के शवगृह में रखवा दिया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

    इस संबंध में जानकारी देते हुए जांच अधिकारी एएसआई पाल सिंह ने बताया कि मृतक की पहचान 42 वर्षीय गंगाधर पाठक पुत्र किरपा शंकर पाठक निवासी गांव खानोवाल के रूप में हुई है। सिंह ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा और परिजनों के बयान दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    मृतक के बेटे पवन पाठक ने बताया कि उसके पिता हलवाई का काम करते थे। वह अपने साथी राम प्रकाश निवासी गांव खानोवाल के साथ बाइक (PB-09-AC-8804) पर जालंधर के गांव उग्गी चिट्टी काम के लिए जा रहे थे। जैसे ही वे गांव संधू चट्ठा चौक पार कर रहे थे, सामने से आ रही कार (PB-09-AR-1979) से उनकी टक्कर हो गई।हादसे में दोनों बाइक सवार सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। कार चालक ने राहगीरों की मदद से उन्हें सिविल अस्पताल कपूरथला पहुंचाया, जहां गंगाधर पाठक को मृत घोषित कर दिया गया।

     

  • मान सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट SSF दे रहा असली नतीजे – Baltej Pannu

    मान सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट SSF दे रहा असली नतीजे – Baltej Pannu

    चंडीगढ़: पंजाब सरकार की रोड सेफ्टी फोर्स (एसएसएफ) के दो साल पूरे होने पर आम आदमी पार्टी पंजाब के मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने इसकी उपलब्धियों को ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान की यह ड्रीम प्रोजेक्ट फोर्स आज पंजाब के हाईवे पर जनहितैषी और प्रभावशाली मॉडल के रूप में उभरकर सामने आई है। एसएसएफ की त्वरित और पेशेवर कार्रवाई से सड़क हादसों में होने वाली मौतों में रिकॉर्ड कमी दर्ज की गई है।

    पन्नू ने बताया कि वर्ष 2023 में पंजाब के हाईवे पर सड़क हादसों में 1,955 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 2024 में यह आंकड़ा घटकर 1,016 रह गया। इसका अर्थ है कि महज एक साल में एसएसएफ की वजह से करीब 940 कीमती जानें बचाई गईं। उन्होंने कहा कि जानलेवा दुर्घटनाओं में लगभग 50 प्रतिशत की कमी आई है, जो हाईवे सुरक्षा व्यवस्था में बड़े सुधार को दर्शाती है। एसएसएफ के तहत करीब 1,500 विशेष रूप से प्रशिक्षित जवान तैनात हैं, जो हर 30 किलोमीटर पर मौजूद रहकर 6 से 8 मिनट के भीतर हादसे की जगह पहुंचते हैं।

    उन्होंने बताया कि एसएसएफ की गाड़ियां फर्स्ट-एड, रेस्क्यू उपकरण और कटर से लैस हैं तथा जवानों को मौके पर तुरंत मेडिकल सहायता देने का प्रशिक्षण दिया गया है। एसएसएफ की मौजूदगी से हादसों के बाद होने वाली लूटपाट और हाईवे पर अन्य अपराधों में भी भारी कमी आई है। बलतेज पन्नू ने कहा कि इंसानी जान बचाना सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि है और एसएसएफ के सभी जवान इस मिशन को हर दिन सफल बना रहे हैं।

     

  • हिमाचल के अधिकारों की अनदेखी, बजट पर CM Sukhu ने दी तीखी प्रतिक्रिया

    हिमाचल के अधिकारों की अनदेखी, बजट पर CM Sukhu ने दी तीखी प्रतिक्रिया

    शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने केंद्रीय बजट 2026-27 को हिमाचल प्रदेश सहित आम जनता, मध्यम वर्ग, किसानों, बागवानों और विशेष रूप से पहाड़ी राज्यों के प्रति उदासीन करार दिया है। प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोगों को इस बजट से गहरी निराशा हुई है। बढ़ती महंगाई और आर्थिक दबावों के बीच मध्यम वर्ग को आयकर में राहत की उम्मीद थी, लेकिन केंद्र सरकार ने इसे पूरी तरह नजरअंदाज किया। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि यह बजट न तो विकास का रास्ता दिखाता है और न ही न्याय सुनिश्चित करता है।

    मुख्यमंत्री ने 16वें वित्त आयोग द्वारा राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) समाप्त किए जाने को संघीय ढांचे पर सीधा प्रहार बताया। उन्होंने कहा कि संविधान के अनुच्छेद 275(1) के तहत राज्यों को मिलने वाला यह अनुदान 1952 से निरंतर दिया जाता रहा है, लेकिन पहली बार इसे बंद किया गया है। 15वें वित्त आयोग के दौरान हिमाचल को करीब 37 हजार करोड़ रुपये का आरडीजी मिला था। आरडीजी की समाप्ति से प्रदेश की वित्तीय स्थिरता, आवश्यक सेवाओं और विकास कार्यों पर गंभीर असर पड़ेगा।

    मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि कृषि, बागवानी, पर्यटन और बुनियादी ढांचे के लिए बजट में हिमाचल जैसे पर्वतीय राज्य की जरूरतों को नजरअंदाज किया गया है। सेब उत्पादकों, पर्यटन क्षेत्र और रेलवे विस्तार जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं के लिए कोई ठोस प्रावधान नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि जीएसटी मुआवजा बंद होने और ब्याज-मुक्त ऋण की सीमा में वृद्धि न होने से राज्य पर दोहरा आर्थिक बोझ पड़ा है। मुख्यमंत्री ने इसे जन-विरोधी, किसान-विरोधी और हिमाचल-विरोधी बजट बताते हुए कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के हितों की आवाज मजबूती से उठाती रहेगी।

  • Punjab News: 2 किलो नशीले पदार्थ सहित 4 आरोपी गिरफ्तार, देेखें वीडियो

    Punjab News: 2 किलो नशीले पदार्थ सहित 4 आरोपी गिरफ्तार, देेखें वीडियो

    अमृतसर। पुलिस टीम ने लाहौरी गेट इलाके में ड्रग्स तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो किलो नशीले पदार्थों के साथ चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम ने कहा कि ये कार्रवाई मुखबिर से मिली गोपनीय सूचना के आधार पर की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग एक I-20 कार में नशीले पदार्थ ला रहे हैं। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने तुरंत सड़क पर नाकाबंदी की और संदिग्ध कार को रोककर उसकी चेकिंग की। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि नशीले पदार्थ एक स्कूटर में छिपाए गए थे।

    गिरफ्तार युवक की निशानदेही पर पुलिस ने स्कूटर की तलाशी ली, जिसमें से दो kg नशीले पदार्थ बरामद हुए। पुलिस ने चारों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल, मामले की आगे की जांच चल रही है और आरोपियों से पूछताछ की जा रही है कि ड्रग्स कहां से मिले थे और उन्हें कहां सप्लाई किया जाना था। पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान जो भी नई बातें सामने आएंगी, उन्हें जनता के साथ शेयर किया जाएगा।

     

  • 6–8 फरवरी तक पशु-मेला में वैज्ञानिक पशुपालन तकनीकों की प्रदर्शनी

    6–8 फरवरी तक पशु-मेला में वैज्ञानिक पशुपालन तकनीकों की प्रदर्शनी

    चंडीगढ़ : हरियाणा के पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि आगामी 6 से 8 फरवरी तक कुरुक्षेत्र में लगने वाले मेला एवं प्रदर्शनी में पशुपालन की नवीनतम तकनीकों की जानकारी दी जाएगी। राज्य सरकार का प्रयास है कि पशुपालक उत्तम नस्लों के पशु रखें तथा वैज्ञानिक विधि से उनका पालन करें ताकि वो कम लागत में अधिक से अधिक आमदनी कर सकें।

    कुरुक्षेत्र में आयोजित की जाने वाली 41वीं राज्यस्तरीय पशु प्रदर्शनी में उत्कृष्ट नस्लों के लगभग 1500 पशु 53 विभिन्न श्रेणियों में भाग लेंगे। पशुपालकों के प्रोत्साहन हेतु सर्वश्रेष्ठ पशुओं के मालिकों को लगभग 50 लाख रुपये की पुरस्कार राशि वितरित की जाएगी।

    उन्होंने बताया कि इस विशाल आयोजन में प्रदेश भर से लगभग 1,00,000 पशुपालक, किसान, पशुपालन व्यवसाय से जुड़े उद्यमी तथा वैज्ञानिक भाग लेंगे। प्रदेश की जनता की सुविधा को ध्यान में रखते हुए इस प्रदर्शनी के लिए प्रतिदिन 200 बसों की निशुल्क व्यवस्था की गई है। ये विशेष बसें प्रदेश के कोने-कोने से प्रदर्शनी देखने के इच्छुक पशुपालकों तथा दर्शकों को इस मेले में लेकर आएंगी तथा वापस उनके गाँव/शहर में छोड़ कर आएंगी। प्रदर्शनी देखने आने वाले पशुपालकों, किसानों के लिए भोजन की मुफ्त व्यवस्था की गई है।

    पशुपालन विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि प्रदर्शनी के दौरान विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर अपनी जन कल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार भी किया जाएगा ताकि प्रदेश के लोग इसका लाभ उठा सकें। निजी क्षेत्र की कंपनियां भी पशुपालन से संबंधित अपने उत्पादों व तकनीकों का प्रदर्शन करेंगी। उन्होंने यह भी बताया कि इस कार्यक्रम में एक अनूठे रैम्प-शो का आयोजन भी किया जाएगा जिसमें श्रेष्ठ नस्लों के शानदार पशु रैम्प पर चल कर अपनी छटा बिखेरेंगे।प्रवक्ता ने आगे बताया कि इस पशु मेले का शुभारंभ 6 फरवरी को हरियाणा के पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्याम सिंह राणा करेंगे। मेले के दूसरे दिन 7 फरवरी को केंद्रीय मत्स्य पालन, पशुपालन एवं डेयरी मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम के अंतिम दिन 8 फरवरी को मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे तथा इस पशु प्रदर्शनी के विजेता पशुपालकों को सम्मानित करेंगे।

    उन्होंने यह भी बताया कि इस मेले में पशुपालकों के मनोरंजन के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया जाएगा, जिसमें प्रदेश के नामी कलाकार जैसे महावीर गुड्डू, आजाद खाण्डा आदि अपनी प्रस्तुति देंगे।

  • Punjab News: सराफा बाजार में चोरी, स्टोर रूम से ले उड़ा तांबे की पाइप और औजार, देखें CCTV

    Punjab News: सराफा बाजार में चोरी, स्टोर रूम से ले उड़ा तांबे की पाइप और औजार, देखें CCTV

    लुधियाना। जिले के सबसे व्यस्त और भीड़भाड़ वाले इलाके सराफा बाजार में चोरों के हौसले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। दिनदहाड़े शातिर चोर ने दुकान के ऊपर बने स्टोर रूम को निशाना बनाते हुए करीब 50 हजार रुपये की चोरी को अंजाम दिया। चोर तांबे की पाइपें और कीमती औज़ार चुराकर मौके से फरार हो गया। पूरी घटना पास में लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई है।

    मैकेनिक को लगा झटका, स्टोर रूम में बिखरा मिला सामान
    इस चोरी का पता तब चला जब बिजली मैकेनिक अमित स्टोर रूम में पहुंचा। अमित ने बताया कि उसे दो दिन पहले एक दुकान पर AC फिट करने का काम मिला था। AC लगाने के लिए इस्तेमाल होने वाला महंगा सामान और औज़ार दुकान के ऊपर बने स्टोर रूम में सुरक्षित रखे गए थे।

    शाम के समय जब अमित काम के लिए स्टोर रूम पहुंचा, तो वहां का नज़ारा देखकर उसके होश उड़ गए। स्टोर रूम का सामान बिखरा पड़ा था और तांबे की पाइपें व कई जरूरी औज़ार गायब थे।

    CCTV में कैद हुई चोरी की पूरी साजिश
    CCTV फुटेज में चोर की पूरी चालाकी साफ़ दिखाई दे रही है। वीडियो के मुताबिक, चोर दोपहर के समय सीढ़ियों के रास्ते ऊपर जाता है और पहले स्टोर रूम की रेकी करता है। वह कुछ देर तक सामान देखता है और फिर नीचे चला जाता है।

    कुछ ही समय बाद वह खाली बोरी लेकर वापस लौटता है। इसके बाद वह स्टोर रूम में घुसकर AC में इस्तेमाल होने वाली महंगी तांबे की पाइपें और मैकेनिक के औज़ार बोरी में भरता है और बिना किसी डर के आराम से वहां से निकल जाता है।

    इलाके के दुकानदारों में रोष
    दिनदहाड़े हुई इस चोरी के बाद सराफा बाजार के दुकानदारों में काफी नाराज़गी है। व्यापारियों का कहना है कि बाजार में भीड़ होने के बावजूद चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

    जांच में जुटी पुलिस टीम
    घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उन्हें चोरी की शिकायत और CCTV फुटेज मिल चुकी है।

    पुलिस के मुताबिक, आरोपी की पहचान कर ली गई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी नशे का आदी है और पहले भी इस तरह की छोटी-मोटी चोरियां कर चुका है। पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं और जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

     

     

  • श्रीमद्भागवत कथा: कुसंस्कारों से बना ‘धुंधकारी’ और ज्ञान से ‘गोकर्ण’, आत्मदेव के प्रसंग ने दी सीख

    श्रीमद्भागवत कथा: कुसंस्कारों से बना ‘धुंधकारी’ और ज्ञान से ‘गोकर्ण’, आत्मदेव के प्रसंग ने दी सीख

    ऊना/ सुशील पंडित: ग्राम पंचायत लठियाणी के गांव नलूट में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन कथा व्यास आचार्य पंकज शर्मा ने आत्मदेव ब्राह्मण, उनके पुत्र गोकर्ण और धुंधकारी के मार्मिक प्रसंग का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि संस्कार विहीन संतान परिवार के लिए कष्ट का कारण बनती है, जबकि ज्ञान मार्ग पर चलने वाली संतान कुल का उद्धार करती है।

    ​कुसंगति का परिणाम है विनाश

    ​कथा के दौरान कथा व्यास आचार्य जी ने बताया कि आत्मदेव नामक ब्राह्मण के यहाँ दो पुत्र हुए। धुंधकारी, जो कुसंगति के कारण व्यसनों में डूब गया और अपने माता-पिता के लिए दुख का कारण बना। वहीं, ज्ञान के प्रतीक गोकर्ण ने सदैव धर्म का मार्ग चुना। महाराज जी ने भावुक स्वर में कहा, “संतान को केवल संपत्ति देना पर्याप्त नहीं है, उन्हें संस्कार देना उससे कहीं अधिक आवश्यक है।”

    ​प्रेत योनि से मुक्ति और गोकर्ण की महिमा

    ​दूसरे दिन की कथा का मुख्य आकर्षण धुंधकारी का प्रेत योनि से उद्धार रहा। महाराज जी ने समझाया कि कैसे धुंधकारी ने अपने पापों के कारण प्रेत योनि प्राप्त की, लेकिन गोकर्ण द्वारा सुनाई गई भागवत कथा के प्रताप से सात दिनों के भीतर उसे मोक्ष प्राप्त हुआ।

    ​”भागवत कथा केवल कान से सुनने का विषय नहीं, बल्कि जीवन में उतारने का दर्शन है। धुंधकारी का उद्धार इस बात का प्रमाण है कि भगवान की शरण में आने पर घोर पापी का भी कल्याण संभव है।” – कथा व्यास आचार्य पंकज शर्मा द्वारा ​ सुना गए प्रसंग में भक्ति और संकीर्तन में डूबे श्रद्धालु ​कथा के बीच-बीच में भजनों पर झूमते नजर आए। पंडाल ‘राधे-राधे’ के जयघोष से गुंजायमान रहा। आज की आरती में कांता देवी, अनिता कुमारी, बेबी,सोनू,राजेश कुमार, मिंटू ब संजू,सहित भारी संख्या में क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे।

  • डेज़ी शर्मा ने नवाचारी शिक्षण प्रस्तुति से राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान अर्जित की

    डेज़ी शर्मा ने नवाचारी शिक्षण प्रस्तुति से राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान अर्जित की

    ऊना/सुशील पंडित: भुवनेश्वर स्थित क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान में आयोजित राष्ट्रीय स्तर की समृद्धि 2025–26 प्रतियोगिता में हिमाचल प्रदेश के जिला ऊना के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, टक्का की शिक्षिका डेज़ी शर्मा ने अपनी नवाचारी शिक्षण प्रस्तुति से राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान अर्जित की है।

    इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में डेज़ी शर्मा द्वारा प्रस्तुत परियोजना “जीवविज्ञान में पैटर्न” विषय पर आधारित रही, जिसमें उन्होंने विद्यार्थियों के साथ मिलकर कला और विज्ञान का उत्कृष्ट समन्वय प्रस्तुत किया। इस नवाचारी प्रयास से सामान्यतः कठिन और कम रुचिकर माने जाने वाले विषयों को सरल, रोचक और विद्यार्थियों के लिए सहज बनाया गया। उनकी प्रस्तुति को शिक्षाविदों द्वारा विशेष रूप से सराहा गया। इसके अतिरिक्त विद्यार्थियों द्वारा तैयार की गई कलात्मक कृतियों को मंच से विशेष उल्लेख प्राप्त हुआ, जो इस शिक्षण प्रयोग की उल्लेखनीय सफलता को दर्शाता है।

    इस अवसर पर डेज़ी शर्मा ने जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान, देहलां (ऊना) का हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने वंदना शर्मा, वंदना रस्तोगी तथा रेखा के मार्गदर्शन और सहयोग के लिए विशेष धन्यवाद प्रकट किया, जिनके निरंतर समर्थन से उन्हें इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय मंच तक पहुँचने का अवसर प्राप्त हुआ।

    डेज़ी शर्मा ने कहा कि देशभर से आए शिक्षकों की प्रस्तुतियों से उन्हें अनेक नवीन विचार और अनुभव प्राप्त हुए हैं, जो भविष्य में उनके शिक्षण कार्य को और अधिक प्रभावी बनाने में सहायक सिद्ध होंगे। यह उपलब्धि न केवल उनके शैक्षणिक जीवन की एक महत्वपूर्ण सफलता है, बल्कि विद्यार्थियों के लिए भी अधिक सृजनात्मक, प्रेरक और आनंददायक शिक्षण वातावरण निर्मित करने की दिशा में एक सार्थक प्रयास है।

    समृद्धि भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसे कला उत्सव के विस्तार के रूप में आरंभ किया गया है। वर्ष 2015 से कला उत्सव माध्यमिक स्तर के विद्यार्थियों की कलात्मक प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच प्रदान करता आ रहा है। इसी उद्देश्य को आगे बढ़ाते हुए समृद्धि कार्यक्रम को विशेष रूप से उन शिक्षकों को प्रोत्साहित करने के लिए विकसित किया गया है, जो कक्षा शिक्षण में कला-समन्वित शिक्षण पद्धति के माध्यम से अध्ययन को अधिक सृजनात्मक, आनंदमय और प्रभावी बनाते हैं।

    राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप यह पहल शिक्षा को केवल विषय-वस्तु तक सीमित न रखते हुए रचनात्मकता, जिज्ञासा और आलोचनात्मक चिंतन को विकसित करने पर बल देती है। समृद्धि का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों की नवाचारपूर्ण शिक्षण विधियों को पहचान प्रदान करना, कला और शैक्षणिक विषयों के मध्य सेतु स्थापित करना तथा कक्षाओं को अनुभवात्मक एवं समग्र अधिगम केंद्रों के रूप में विकसित करना है।

     

  • Premanand Maharaj से मिलने पहुंचे महाभारत के युद्धिष्ठिर, कही ये बात, देखें वीडियो

    Premanand Maharaj से मिलने पहुंचे महाभारत के युद्धिष्ठिर, कही ये बात, देखें वीडियो

    धर्म: महाभारत सीरियल में धर्मराज युद्धिष्ठिर का किरदार निभाने वाले मशहूर एक्टर गजेंद्र चौहान ने हाल में ही संत प्रेमानंद महाराज के साथ मुलाकात की। यह मुलाकात गहरी भावनाओं और आध्यात्मिक संवाद से भरी हुई थी। इस दौरान महाभारत, धर्म-कर्म और जीवन के मूल्यों पर संवाद हुआ। इसने दोनों की मुलाकात को और भी खास बना दिया। प्रेमानंद महाराज ने एक्टर गजेंद्र चौहान ने कहा कि युद्धिष्ठिर हम सबकी प्रेरणा थे। वो धर्म के अंश से जन्मे थे इसलिए उनका किरदार निभाना भी अपने आप में एक बड़ी जिम्मेदारी है।

    गजेंद्र चौहान ने महाराज को सुनाया प्रसंग

    इसके बाद गजेंद्र चौहान ने प्रेमानंद महाराज से इजाजत लेकर महाभारत का उन्हें एक संवाद सुनाया। उन्होने कहा कि यह वो समय था जब पांडवों को वनवास जाना था और पांचाली जाने से रोक नहीं थी तब युद्धिष्ठिर ने उनको समझाते हुए कहा कि जो होने वाला है वह हमारे कर्मों का फल है।
     
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    युद्धिष्ठिर ने कहा कि – ‘भगवान राम जानते थे कि सोने का मृग असली नहीं होता फिर भी वे सीता की इच्छा का सम्मान करते हुए उसके पीछे गए। यह कोई लोभ नहीं था बल्कि कर्तव्य और मर्यादा का पालन था। युद्धिष्ठिर यह भी कहते हैं कि जो होना है उसे कोई रोक नहीं सकता न भीम की गदा और न ही अर्जुन का बाण इसलिए हमें वनवास जाना ही होगा क्योंकि ज्येष्ठ पिता श्री को प्रतीक्षा करवाना मर्यादा का उल्लंघन है’।

    सुनाया अटल बिहारी वाजपेयी का संवाद

    इसके बाद गजेंद्र चौहान ने एक और संवाद सुनाया। उन्होंने कहा कि महाभारत का यह संवाद अटल बिहारी वाजपेयी जी को बहुत पसंद था। वो जब भी उनसे मिलते थे यही संवाद सुनने की इच्छा रखते थे जो कुछ इस तरह है कोई भी व्यक्ति, परिवार, परंपरा या प्रतिज्ञा राष्ट्र से ऊपर नहीं हो सकती। अंत में गजेंद्र चौहान ने भी भीष्म पितामाह का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि भीष्म ने कठिन प्रतिज्ञा ली थी लेकिन जब धर्म और श्रीकृष्ण की बात आती है तो प्रतिज्ञा को तोड़ना भी धर्म बन जाता है।
  • हरोली में विकास कार्यों की समीक्षा, उप मुख्यमंत्री ने ली अधिकारियों की बैठक

    हरोली में विकास कार्यों की समीक्षा, उप मुख्यमंत्री ने ली अधिकारियों की बैठक

    पंचायत कार्यकाल के बाद विकास की कमान प्रशासन के हाथ, ढिलाई नहीं चलेगी

    ऊना/सुशील पंडित: पंचायत प्रतिनिधियों का कार्यकाल समाप्त होने के बाद विकास कार्यों की निरंतरता और प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने सोमवार को हरोली में अधिकारियों व कर्मचारियों की समीक्षा बैठक ली। ब्लॉक समिति हॉल हरोली में आयोजित बैठक में उपमंडल प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ सभी पंचायत सचिव, तकनीकी सहायक, ग्राम रोजगार सेवक तथा जूनियर इंजीनियर उपस्थित रहे।

    उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विकास कार्यों में तेजी लाने तथा जनहित से जुड़ी योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध ढंग से पूर्ण करने के स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पंचायत प्रतिनिधियों का कार्यकाल समाप्त होने के बाद वर्तमान में पंचायतों की समस्त शक्तियां प्रशासनिक अमले के पास हैं, ऐसे में विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की ढिलाई स्वीकार्य नहीं होगी।

    उन्होंने कहा कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता जनता से सीधे जुड़े कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समयसीमा में पूरा करना है। उप मुख्यमंत्री ने मनरेगा के अंतर्गत संचालित सभी विकास कार्यों को हर हाल में 1 अप्रैल तक पूर्ण करने के निर्देश देते हुए कहा कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास को मजबूती मिलेगी।

    इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ने हरोली श्मशान घाट में बिजली, पानी सहित सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही दुलैहड़ में निर्माणाधीन पार्क को शीघ्र पूर्ण करने तथा सलोह में एक भव्य चौक के निर्माण की घोषणा कर क्षेत्रवासियों को महत्वपूर्ण सौगात दी।

    बैठक में खंड विकास अधिकारी मुकेश कुमार ने एनआरएलएम, मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना, एसडीआरएफ, मुख्यमंत्री ग्राम पथ योजना तथा विधायक क्षेत्रीय विकास निधि के अंतर्गत संचालित विभिन्न विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। सभी पंचायत सचिवों ने अपने-अपने क्षेत्रों में चल रहे कार्यों की प्रगति से उप मुख्यमंत्री को अवगत करवाया। इस अवसर पर उप मंडलाधिकारी विशाल शर्मा, तहसीलदार जैमल सिंह, वरिष्ठ अधीक्षक रजनीश शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।